धरमजयगढ़। जनपद पंचायत धरमजयगढ़ अंतर्गत सुदूरवर्ती ग्राम पंचायत कदमदोड़ी के जोकपानी मोहल्ले में निवासरत पहाड़ी कोरवा समुदाय के लोगों के घर का सपना, केवल सपना रह गया है। यहां सचिव के भाई ने ठेकेदार बनकर कोरवाओं से प्रधानमंत्री आवास का पैसा ले लिया और मकान निर्माण अधूरा छोड़कर लापता हो गया। आलम ये है कि हितग्राही परिवार आज भी टूटी फूटी झोपड़ी में रहने को मजबूर हैं।

इस गांव में कोरवा समुदाय के चार हितग्राहियों सिंधू राम कोरवा, नान्ही कोरवा, जयप्रकाश कोरवा एवं पंडरू कोरवा के साथ प्रधानमंत्री आवास योजना के नाम पर कथित ठगी का गंभीर मामला सामने आया है। आरोप है कि ग्राम पंचायत में पदस्थ सचिव मुरारीलाल पटेल के भाई श्रवण पटेल ने स्वयं को ठेकेदार बताकर गरीब हितग्राहियों को पक्का मकान बनवाने का भरोसा दिलाया। हितग्राहियों के अनुसार, श्रवण पटेल ने उनसे कहा कि वे स्वयं घर नहीं बनवा पाएंगे, इसलिए योजना की राशि उसे सौंप दें। इसके बाद कथित रूप से प्रधानमंत्री आवास योजना की तीनों किश्त की राशि बैंक से निकलवाकर श्रवण पटेल ने अपने पास रख लिया। इतना ही नहीं, हितग्राहियों ने बैंक पासबुक भी श्रवण द्वारा अपने पास रख लेने का आरोप लगाया है।
विडंबना यह है कि जिन परिवारों को योजना के तहत पक्का आवास मिलना था, वे आज भी टूटी-फूटी झोपड़ियों में जीवन बिताने को मजबूर हैं। हितग्राहियों का कहना है कि न तो आज तक उनका घर बनकर तैयार हुआ और और न ही उनकी राशि वापस लोटाई गई है।
ऑनलाइन रिकॉर्ड में मकानों को पूर्ण दर्शाया..!
ऑनलाइन रिकॉर्ड में इन आवासों को 23 फरवरी 2024 को पूर्ण दर्शाया गया है, जबकि जमीनी हकीकत तस्वीरों में साफ दिखाई दे रही हैं। कहीं अधूरी दीवारें खड़ी हैं तो कहीं सिर्फ नींव और मलबा नजर आ रहा है।
सचिव की भूमिका संदेहास्पद
चूंकि सचिव के भाई ने धोखाधड़ी की है, इसलिए स्वाभाविक है कि इस मामले में पंचायत सचित की संलिप्तता है। वहीं आवास निर्माण पूर्ण होने का सत्यापन पंचायत सचिव द्वारा ही किया जाता है। ऐसे में आरोप लग रहे हैं कि सचिव मुरारीलाल पटेल और उसके भाई श्रवण पटेल ने मिलकर योजना की राशि हड़पने का खेल रचा और राष्ट्रपति के दतक पुत्र कहे जाने वाले पहाड़ी कोरवा समुदाय के अधिकारों के साथ छल किया।
ग्रामीणों का कहना है कि जब विशेष संरक्षित पहाड़ी कोरवा समुदाय तक को नहीं बख्शा गया, तो ग्राम पंचायत में अन्य विकास कार्यों की स्थिति का सहज अंदाजा लगाया जा सकता है।
न्याय की आस में कोरवा परिवार
इस तरह ग्राम पंचायत कदमदोड़ी में जनकल्याणकारी योजनाओं का बंदरबांट कर भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया जा रहा है। गरीबी और अभाव में जीवन गुजार रहे कोरवा परिवार अब न्याय की आस लगाए बैठे हैं। शासन की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री आवास योजना, जिसका उद्देश्य गरीबों के सिर पर छत देना है, वही योजना अब भ्रष्टाचार और लापरवाही के गंभीर आरोपों में घिरती नजर आ रही है।



