रायपुर: स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट (Raipur Airport) पर फाल्स सीलिंग की मरम्मत के दौरान हुए दर्दनाक हादसे में जान गंवाने वाले कर्मचारी कुबेर चंद्र साहू के परिवार के लिए राहत की खबर है। हादसे के बाद ठेकेदार विनीत शाह ने पीड़ित परिवार को बड़ी आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। ठेकेदार के मुताबिक, मृतक कुबेर की पत्नी को उसके पति की रिटायरमेंट की उम्र (60 साल) तक हर महीने 22 हजार रुपये की आर्थिक मदद दी जाएगी।
28 सालों तक परिवार को मिलेगी हर महीने रकम (Compensation Package)
बता दें कि मृतक कुबेर चंद्र साहू की उम्र अभी महज 32 वर्ष थी। इस लिहाज से अगले 28 वर्षों तक ठेकेदार की तरफ से यह तय राशि उनके परिवार को हर महीने भेजी जाएगी, ताकि परिवार का गुजारा हो सके। कुबेर पिछले आठ-नौ महीनों से एयरपोर्ट पर काम कर रहे थे। पीएफ (PF) और इंश्योरेंस की कटौती के बाद उन्हें हर महीने करीब 22 हजार रुपये सैलरी मिलती थी।
पीएफ और इंश्योरेंस का भी मिलेगा पूरा लाभ (PF and Insurance Benefits)
ठेकेदार विनीत शाह ने साफ किया है कि इस मासिक सहायता के अलावा कुबेर के परिवार को नियमानुसार पीएफ (Provident Fund) और इंश्योरेंस का भी पूरा पैसा मिलेगा। इसके साथ ही भविष्य में कुबेर की पत्नी को पीएफ खाते से मिलने वाली सरकारी पेंशन (Pension Scheme) की सुविधा भी दिलाई जाएगी, जिससे परिवार को आगे चलकर सहारा मिल सके।
30 फीट की ऊंचाई से गिरे थे कुबेर, प्रबंधन के दावे पर उठे सवाल (Raipur Airport Accident Case)
यह दर्दनाक हादसा गुरुवार को एयरपोर्ट के फर्स्ट फ्लोर पर हुआ था। वहां करीब 30 फीट की ऊंचाई पर फाल्स सीलिंग रिपेयरिंग (False Ceiling Repairing) का काम चल रहा था, तभी कुबेर अचानक नीचे गिर गए और उनकी मौत हो गई।
इस घटना के बाद एयरपोर्ट प्रबंधन (Airport Management) ने एक अजीब बयान जारी किया था। प्रबंधन का कहना था कि भारी गर्मी के कारण कर्मचारी को चक्कर आ गया और वह नीचे गिर गया। हालांकि, अब इस दावे पर लगातार सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि एयरपोर्ट परिसर का ज्यादातर हिस्सा पूरी तरह सेंट्रलाइज्ड एसी (Air Conditioned) है। ऐसे में बंद और ठंडे परिसर के भीतर चक्कर आने की थ्योरी लोगों के गले नहीं उतर रही है और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है।


