टीआरपी। रायपुर नगर पालिक निगम क्षेत्र के भीतर रहने वाले नागरिकों के लिए राहत और सख्ती की एक बड़ी खबर है। नगर निगम प्रशासन ने शहर में चल रहे करीब 90 हजार अवैध नल कनेक्शनों को वैध करने और पुराने जलकर बकाये के निपटारे के लिए ‘एकमुश्त जलकर निपटान एवं अवैध नल कनेक्शनों का नियमितीकरण योजना’ को हरी झंडी दे दी है।
यह योजना रायपुर के उन हजारों परिवारों के लिए एक सुनहरा मौका है जो अनजाने में या किसी कारणवश अवैध नल कनेक्शन का उपयोग कर रहे हैं। बिना किसी भारी दंडात्मक वित्तीय भार या ब्याज के अपने कनेक्शन को वैध कराने का यह आखिरी अवसर है, क्योंकि इसके बाद निगम सीधे कनेक्शन काटने या तीन गुना भारी जुर्माना लगाने की बड़ी तैयारी में है।
छत्तीसगढ़ नगर पालिक अधिनियम 1956 के प्रावधानों के तहत तैयार की गई यह योजना 16 जुलाई से 15 अक्टूबर 2026 तक कुल 90 दिनों के लिए प्रभावशील रहेगी। इससे ठीक पहले 1 जुलाई से 15 जुलाई 2026 तक पूरे रायपुर शहर में इस योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा ताकि हर नागरिक तक इसकी जानकारी पहुंच सके। रायपुर नगर निगम के आयुक्त संबित मिश्रा ने इस संबंध में आधिकारिक आदेश जारी कर दिए हैं।
वर्तमान आंकड़ों के अनुसार रायपुर शहर में करीब 3,50,000 भवन हैं, जिनमें से केवल 2,21,000 वैध नल कनेक्शन ही दर्ज हैं। शेष लगभग 90,000 अवैध नल कनेक्शन सीधे तौर पर निगम के राजस्व को नुकसान पहुंचा रहे हैं। इस योजना के जरिए जल विभाग के पूरे डेटा को संपत्ति कर प्रणाली (Property Tax System) के साथ पूरी तरह लिंक कर दिया जाएगा। जो उपभोक्ता इस समय सीमा के भीतर आवेदन नहीं करेंगे, उनके कनेक्शन काट दिए जाएंगे या फिर नियमितीकरण के लिए निर्धारित शुल्क की तीन गुना राशि वसूली जाएगी।
अवैध आवासीय कनेक्शन शुल्क: आधा इंच के घरेलू कनेक्शन को वैध करने के लिए 5,000 रुपये नियमितीकरण शुल्क और 15,882 रुपये वैध कनेक्शन शुल्क मिलाकर कुल 20,882 रुपये एकमुश्त जमा करने होंगे।
अवैध व्यावसायिक कनेक्शन शुल्क: आधा इंच के व्यावसायिक (कमर्शियल) कनेक्शन के लिए 15,000 रुपये नियमितीकरण शुल्क और 15,882 रुपये वैध कनेक्शन शुल्क मिलाकर कुल 30,882 रुपये का भुगतान करना होगा।
अनिवार्य शर्त: इस रियायत का लाभ उठाने के लिए उपभोक्ता को अपने जलकर कनेक्शन को अपनी विशिष्ट संपत्ति पहचान संख्या (Unique Property ID) से लिंक कराना अनिवार्य होगा। आधा इंच से बड़े कनेक्शनों की समीक्षा मुख्यालय स्तर पर सक्षम स्वीकृति के बाद होगी।
उपभोक्ताओं को तय समय सीमा यानी 15 अक्टूबर 2026 तक निर्धारित प्रारूप में आवेदन देकर निगम के साथ अनुबंध करना होगा। इस अवधि के समाप्त होते ही नगर निगम की टीमें पूरे शहर में वार्ड स्तर पर सघन चेकिंग अभियान चलाएंगी, जिसके तहत बिना आवेदन वाले अवैध कनेक्शनों को काटने और तीन गुना अर्थदंड लगाने की वैधानिक कार्रवाई शुरू की जाएगी।



