टीआरपी डेस्क। कतर से इस वक्त एक बहुत ही दर्दनाक और बड़ी खबर सामने आ रही है। वहां के सबसे बड़े गैस प्लांट रास लफ्फान एलएनजी कॉम्प्लेक्स में रविवार रात एक भीषण धमाका हो गया। इस भयानक हादसे में कुल 13 लोगों की जान चली गई है। बेहद दुखद बात यह है कि मारे गए लोगों में 12 नागरिक भारत के रहने वाले थे। इसके अलावा इस धमाके और उसके बाद लगी आग में करीब 66 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। कतर की सरकारी कंपनी कतरएनर्जी के मुताबिक यह हादसा बरजान लोकल गैस सप्लाई प्लांट में काम के दौरान हुआ।

ईरानी मिसाइल हमले के बाद दोबारा शुरू हो रहा था प्लांट

स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक यह हादसा उस समय हुआ जब पिछले दिनों हुए ईरानी मिसाइल हमले से प्रभावित इस गैस प्लांट में दोबारा काम शुरू करने की तैयारी चल रही थी। दरअसल ईरान द्वारा समुद्री रास्ते पर नियंत्रण करने के बाद कतर ने अपना गैस उत्पादन रोक दिया था। अब जब युद्ध को रोकने के लिए शांति वार्ता शुरू हुई तो कतर ने इस एक्सपोर्ट टर्मिनल को फिर से चालू करने की कोशिश की, लेकिन इसी दौरान यह तकनीकी हादसा हो गया। एलएनजी यानी लिक्विफाइड नेचुरल गैस वह प्राकृतिक गैस होती है जिसे दूर देशों में भेजने के लिए ठंडा करके लिक्विड यानी तरल रूप में बदला जाता है।

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भारतीय दूतावास ने जताई गहरी चिंता, कई लोग लापता

दोहा में मौजूद भारतीय दूतावास ने इस दर्दनाक हादसे पर गहरा दुख और चिंता व्यक्त की है। दूतावास ने बताया कि हादसे में कई भारतीय कर्मचारी घायल हुए हैं और कुछ लोग अभी भी लापता हैं जिनकी तलाश की जा रही है। कतर के ऊर्जा मंत्री साद शेरिदा अल-काबी ने भी सोमवार को इस इंडस्ट्रियल एक्सीडेंट में हुई मौतों की पुष्टि की है। इस घटना के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है और राहत कार्य जारी है। कतर दुनिया के सबसे बड़े गैस उत्पादक देशों में से एक है, इसलिए इस हादसे से दुनिया भर के बाजारों में गैस की सप्लाई को लेकर नई चिंता खड़ी हो गई है।