बस्तर। पुलिस अधीक्षक कार्यालय में ही 3 करोड़ 54 लाख रुपये का बड़ा वेतन घोटाला सामने आया है। वेतन शाखा, स्थापना शाखा और ट्रेजरी विभाग में पदस्थ तीन बाबुओं ने 2023 से पुलिसकर्मियों के वेतन में हेरफेर कर करोड़ों का गबन किया। एक सप्ताह की गहन जांच के बाद तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।

कैसे हुआ 3.54 करोड़ का गबन?

वेतन, स्थापना और ट्रेजरी शाखा में पदस्थ तीन पुलिस जवानों ने मिलकर साथियों के वेतन से ही थोड़ी-थोड़ी रकम निकालना शुरू किया। धीरे-धीरे यह राशि 3.54 करोड़ रुपये तक पहुंच गई। लगातार अनियमितताओं पर आला अफसरों को शक हुआ, जिसके बाद विस्तृत जांच शुरू की गई।

लेखा-परीक्षा में खुला राज, फिर हुई गिरफ्तारी

लेखा-परीक्षा के दौरान कई रिकॉर्ड सामने आए और घोटाले का खुलासा हुआ। वेतन शाखा से लेकर ट्रेजरी तक के आरक्षकों की जांच में 3.54 करोड़ की हेराफेरी पकड़ी गई। कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कर तीनों आरोपी पुलिसकर्मियों को तत्काल गिरफ्तार कर लिया गया। पुख्ता सबूतों के आधार पर सोमवार को उन्हें जेल भेजा गया।

See also  मुंबई में अभिनेता विवेक ओबेरॉय के घर बेंगलुरु पुलिस की छापेमारी, जानें क्यों?

SP बोले- दोषियों को मिलेगी कड़ी सजा

पुलिस अधीक्षक शलभ सिन्हा ने कहा कि मामले से जुड़े तीनों आरोपी जेल भेज दिए गए हैं। पुलिस पूरे प्रकरण की गहनता से जांच कर रही है और सामने आने वाले सभी तथ्यों पर कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि विभाग का लक्ष्य दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाना है और भविष्य में ऐसी
त्तीय अनियमितताएं रोकने के उपाय किए जाएंगे। इस घटना ने पुलिस विभाग की आंतरिक वित्तीय नियंत्रण प्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं।