रायपुर। राजधानी में नकटी गांव के विस्थापन विवाद के बाद अब नवा रायपुर के तूता गांव में भी लोगों को बुलडोजर का डर सता रहा है। नवा रायपुर विकास प्राधिकरण ने जमीन पर काबिज लोगों को नोटिस जारी कर 6 जुलाई तक जवाब मांगा है। नोटिस मिलने के बाद से ग्रामीणों में दहशत है। महिलाएं-बच्चे रो रहे हैं और लोग रातभर जागकर पहरा दे रहे हैं।

अधिकांश रहवासी पीएम आवास योजना के लाभार्थी

जानकारी के मुताबिक तूता में छोटे जंगल और जमीन पर फिल्म सिटी का निर्माण होना है। इसी योजना के दायरे में आ रही जमीन पर काबिज रहवासियों को नोटिस भेजा गया है। इनमें अधिकांश पीएम आवास योजना के लाभार्थी हैं। प्राधिकरण ने सभी से 6 जुलाई तक अपना पक्ष रखने को कहा है।

पहले भी हो चुका है विरोध

पिछले 6 महीने में तूता के पेड़ों को काटने के दो प्रयास हो चुके हैं। होली से पहले और मई में ग्रामीणों ने बड़े स्तर पर विरोध किया था। उस समय कांग्रेस ने भी ग्रामीणों का समर्थन किया था। अब नए नोटिस के बाद विरोध फिर तेज होने की आशंका है।

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‘बिना चूल्हा-चौका रतजगा कर रहे लोग’

नोटिस मिलते ही गांव में डर का माहौल है। रहवासी घर छोड़ने की चिंता में बिना चूल्हा-चौका किए रातभर जाग रहे हैं। महिलाओं और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों का कहना है कि वे पीढ़ियों से यहां रह रहे हैं और अचानक बेघर कर देना अन्याय है।