Teejan Bai Passes Away: छत्तीसगढ़ की माटी की खुशबू को दुनिया भर में बिखेरने वाली सुप्रसिद्ध पंडवानी गायिका तीजन बाई का निधन हो गया है। उन्होंने सुबह करीब 3:15 बजे रायपुर AIIMS में अंतिम सांस ली। वो काफी समय से बीमार चल रही थीं।
देर रात तक हाल-चाल लेते रहे CM साय
सीएम विष्णु देव साय ने देर रात उनके परिजनों से फोन पर बात की थी। वे लगातार उनके स्वास्थ्य पर नजर बनाए हुए थे। लेकिन होनी को कुछ और ही मंजूर था। आज सुबह उनके निधन की खबर से पूरा प्रदेश सदमे में है।
गनियारी गांव में होगा अंतिम संस्कार
तीजन बाई की बहू रेणु तीजन बाई ने जानकारी देते हुए बताया कि अब उन्हें घर ले जाया जा रहा है। उनके पैतृक गांव गनियारी में पूरे रीति-रिवाज के साथ उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। छत्तीसगढ़ के कलाकार और उनके चाहने वाले अभी से ही गनियारी की ओर रुख कर रहे हैं।
पंडवानी को बनाया ग्लोबल
तीजन बाई का नाम आते ही महाभारत की वो दमदार आवाज कानों में गूंजने लगती है। उन्होंने पंडवानी को सिर्फ छत्तीसगढ़ तक सीमित नहीं रखा, बल्कि उसे इंटरनेशनल लेवल पर पहचान दिलाई। दुशासन वध का उनका प्रदर्शन आज भी लोगों को याद है। उन्होंने 1980 के दशक में ही इंग्लैंड, फ्रांस और जर्मनी जैसे देशों में अपनी कला का लोहा मनवाया था।
असाधारण रहा तीजन बाई का सफर
उन्हें कला के क्षेत्र में देश के लगभग सभी बड़े सम्मान मिल चुके थे। साल 1988 में पद्मश्री, 2003 में पद्म भूषण और 2019 में उन्हें देश के दूसरे सबसे बड़े नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से नवाजा गया था। उन्हें खैरागढ़ संगीत यूनिवर्सिटी से डी-लिट की उपाधि भी मिली थी।


