दंतेवाड़ा। सिरौली की 13 नंबर खदान को लेकर एनएमडीसी के गेट पर बैठे आदिवासियों का धरना अभी कुछ देर पहले ही समाप्त हो गया। आदिवासी नेताओं और पंचों सरपंचों ने शासन-प्रशासन को 15 दिनों की मोहलत दी है ।

इन लोगों ने कहा है कि अगर 15 दिनों के अंदर इस मामले पर सकारात्मक कार्यवाही नहीं होती है तो फिर वह लोग एनएमडीसी के गेट पर दोबारा धरना देंगे, और इसके बाद वे सड़क से सदन तक इस आंदोलन को लेकर जाएंगे ।

इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी। आदिवासी नंदी राज पहाड़ को लेकर ज्यादा चिंतित है। इसके अलावा वनों की अंधाधुंध कटाई से भी इनको शिकायत है ।

शासन भी चौकन्ना:

तो दूसरी तरफ सरकार भी इस मुद्दे को लेकर के पूरी तरह चौकस दिखाई दे रही है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को जैसे ही इस बात की सूचना मिली उन्होंने प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की, और उनको पूरी तौर पर न्याय देने का भरोसा दिया है ।

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ऐसे में यह लगता है कि प्रशासन इस मामले पर सकारात्मक संज्ञान जरूर लेगा। फिलहाल धरना खत्म हो चुका है और आदिवासी अपने अपने घरों की ओर प्रस्थान करना शुरू कर चुके हैं।

 

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