नई दिल्ली। आरबीआई की ओर से रेपो रेट में की गई कटौती का फायदा सबसे पहले फायदा एसबीआई देने जा रहा है। एसबीआई ने मार्च 2019 में ही अपनी सेविंग्स डिपॉजिट और कर्ज दरों को आरबीआई रेपो रेट से जोड़ने की घोषणा कर दी थी। इसीलिए आरबीआई के ब्याज दरों (रेपो रेट) में की गई 0.25 फीसदी की कटौती का फायदा एसबीआई कस्टमर्स को तुरंत मिलेगा।

1 जुलाई से इसके जरिए लिंक सभी लोन 0.25 फीसदी तक सस्ते हो जाएंगे। एक्सटर्नल बेंचमार्किंग नियम के तहत यह पहल करने वाला एसबीआई देश का पहला बैंक है। आपको बता दें कि एसबीआई 1 मई से लोन को लेकर बड़ा बदलाव कर चुका है। बैंक ने रेपो रेट को बैंक दरों से जोड़ दिया है। यह फैसला एक लाख रुपये से ज्यादा के लोन पर लागू है।

एसबीआई द्वारा की गई घोषणा के मुताबिक आरबीआई द्वारा नीतिगत दरों में बदलाव का फायदा ग्राहकों को तुरंत देने के उद्देश्य से सेविंग डिपॉजिट और कम अवधि के कर्ज की ब्याज दर को रेपो रेट से जोड़ने का फैसला एक मई 2019 से लागू होगा। हालांकि इससे एसबीआई के सभी ग्राहकों को फायदा नहीं होगा। नया नियम सिर्फ उन्हीं खातों पर लागू होगा, जिनमें एक लाख रुपये से अधिक राशि हो।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।