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Zomato से खाना मंगाना फिर हुआ महंगा! लगेगा ₹5 से ₹20 तक नया चार्ज, ऐसे बचाएं पैसे

Zomato cash on delivery new fee on food order
तस्वीर: The Rural Press फाइल / सौजन्य

Zomato New Charge: फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म जोमैटो से खाना ऑर्डर करने वाले ग्राहकों के लिए कैश ऑन डिलीवरी अब जेब पर भारी पड़ सकता है। कंपनी ने कुछ यूजर्स के ऑर्डर्स में पे ऑन डिलीवरी फीस जोड़ना शुरू किया है।

शुरुआती तौर पर कहीं ₹5 का शुल्क दिख रहा है, जबकि कुछ मामलों में यह फीस ₹7 से ₹20 तक बताई जा रही है। ऑनलाइन पेमेंट करने वाले ग्राहकों पर यह नया चार्ज लागू नहीं होगा।

कैश में भुगतान करने पर अलग से लगेगी फीस

जोमैटो से खाना ऑर्डर करते समय अगर ग्राहक कैश ऑन डिलीवरी का विकल्प चुनता है, तो बिल में अब ‘पे ऑन डिलीवरी फीस के नाम से एक अलग शुल्क जुड़ सकता है। शुरुआती तौर पर कुछ यूजर्स को यह शुल्क ₹5 दिखाई दे रहा है, जबकि कुछ ऑर्डर में यह रकम ₹7 से लेकर ₹20 तक भी बताई जा रही है। यानि कि अब ग्राहक को खाने की कीमत के अलावा रेस्टोरेंट पैकेजिंग, डिलीवरी, प्लेटफॉर्म फीस और लागू GST के साथ यह नया शुल्क भी देना पड़ सकता है।

ऑनलाइन पेमेंट करने पर नहीं लगेगा नया चार्ज

अगर ग्राहक UPI, क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड या नेट बैंकिंग जैसे डिजिटल माध्यमों से पहले ही भुगतान कर देता है, तो इस अतिरिक्त ‘पे ऑन डिलीवरी फीस’ से बच सकता है। यानी कि जोमैटो अब ग्राहकों को डिजिटल पेमेंट की ओर बढ़ाने के साथ-साथ कैश कलेक्शन से जुड़ी लागत को भी शुल्क के जरिए वसूल रहा है।

प्लेटफॉर्म फीस के ऊपर नया बोझ

जोमैटो का यह नया शुल्क प्लेटफॉर्म फीस, डिलीवरी चार्ज, रेस्टोरेंट पैकेजिंग चार्ज और GST से अलग है। ऐसे में एक सामान्य ऑर्डर के अंतिम बिल में पहले से मौजूद कई शुल्कों के साथ अब कैश पेमेंट करने पर एक और फीस जुड़ सकती है। दूसरी ओर, स्विगी ने फिलहाल कैश ऑन डिलीवरी पर इस तरह का अलग शुल्क लागू नहीं किया है।

पांच रुपए की शुल्क से भी रोजाना करोड़ों की कमाई संभव

जोमैटो पर रोजाना करीब 23 से 25 लाख ऑर्डर किए जाते हैं। अगर इनमें से बड़ी संख्या में ग्राहक कैश ऑन डिलीवरी का इस्तेमाल करते हैं और हर ऑर्डर पर औसतन ₹5 का शुल्क लिया जाता है, तो कंपनी की अतिरिक्त कमाई करीब ₹1.25 करोड़ प्रतिदिन तक पहुंच सकती है। वही सालाना आधार पर देखें तो यह रकम सैकड़ों करोड़ रुपए हो सकती है। हालांकि, वास्तविक कमाई इस बात पर निर्भर करेगी कि कुल ऑर्डर्स में कितने ग्राहक कैश ऑन डिलीवरी का विकल्प चुनते हैं और अलग-अलग ऑर्डर्स पर कितनी फीस लगाई जाती है।

2 रुपए से शुरू हुई प्लेटफॉर्म फीस अब ₹14.99 तक

फूड डिलीवरी कंपनियों की ओर से छोटे-छोटे शुल्क जोड़ने का सिलसिला नया नहीं है। अप्रैल 2023 में जोमैटो और स्विगी ने करीब ₹2 प्लेटफॉर्म फीस से शुरुआत की थी। यह शुल्क समय के साथ बढ़ता गया और अब कुछ ऑर्डर्स पर ₹14.99 तक पहुंच चुका है। इस पर 18 प्रतिशत GST भी लागू होता है।

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