टीआरपी डेस्क। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले से सोशल मीडिया पर वायरल हुए पुलिस और युवक के बीच विवाद और झड़प मामले में एक नया और बड़ा मोड़ सामने आया है। इस हाई-प्रोफाइल विवाद को लेकर जहां पुलिस की कार्यशैली पर लगातार गंभीर सवाल उठाए जा रहे थे, वहीं अब संबंधित युवक ने खुद एक नया वीडियो जारी कर पूरे घटनाक्रम पर अपना पक्ष रखा है। युवक ने माना कि उस रात उससे गलती हुई थी और उसका उद्देश्य छत्तीसगढ़ पुलिस की छवि को धूमिल करना बिल्कुल नहीं था।

‘परिवार की सुरक्षा के लिए बनाया था वीडियो, लोगों ने एडिट कर किया वायरल’

युवक ने सोशल मीडिया पर जारी अपने नए बयान में घटना वाली रात (5 जून) की पूरी हकीकत बयां की है। युवक के मुताबिक, उस रात वह अपने परिवार के साथ देर रात फिल्म (मूवी) देखकर घर लौट रहा था। इसी दौरान रास्ते में मुजगहन के पास पुलिस के जवानों ने चेकिंग और पूछताछ के लिए उसकी गाड़ी को रोका।

युवक ने कहा, “पूछताछ के दौरान बात बढ़ती चली गई और थोड़ी देर बाद थाना प्रभारी (TI) से भी मेरी तीखी बहस हो गई। मैं उस समय घबरा गया था और सिर्फ अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा को ध्यान में रखकर मोबाइल से वीडियो बना रहा था। वह एक अप्रत्याशित घटना थी।” युवक ने आगे खुलासा किया कि सोशल मीडिया पर जो वीडियो तैर रहा है, उसे कुछ लोगों ने जानबूझकर एडिट (काट-छांट) करके अलग-अलग संदर्भों में पेश किया है। इससे न केवल उसे व्यक्तिगत रूप से मानसिक प्रताड़ना झेलनी पड़ रही है, बल्कि पुलिस विभाग की छवि को भी ठेस पहुंचाने की कोशिश की गई है।

‘दस्तावेज जमा कर दिए हैं, मामले को तूल न दें लोग’

युवक ने आम जनता और सोशल मीडिया यूजर्स से इस मामले को और अधिक तूल न देने की भावुक अपील की है। उसने सार्वजनिक तौर पर स्वीकार किया कि घटना के बाद उसे पुलिस के साथ विवाद करने के बजाय पूछताछ में पूरा सहयोग करना चाहिए था। युवक ने बताया कि उसने अपने वाहन और पहचान से जुड़े सभी वैध दस्तावेज अर्जुनी थाना पुलिस को सौंप दिए हैं और वह अब जांच में पूरा सहयोग कर रहा है।

क्या था पूरा मामला?

यह पूरा विवाद धमतरी के अर्जुनी थाना क्षेत्र के अंतर्गत मुजगहन के पास 5 जून की रात करीब एक बजे का है। सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में अर्जुनी थाना प्रभारी और उनका स्टाफ एक युवक के साथ तीखी नोंकझोंक करता हुआ दिखाई दे रहा था। वीडियो में युवक चीख-चीखकर पुलिस पर मारपीट करने के गंभीर आरोप लगा रहा था, जबकि मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया था।

हैरान करने वाली बात यह भी है कि इस पूरे घटनाक्रम को लेकर वीडियो वायरल करने वाले युवक ने अब तक पुलिस विभाग या किसी उच्च अधिकारी के पास कोई लिखित शिकायत दर्ज नहीं कराई है।

एसपी का कड़ा एक्शन, 3 DSP की कमेटी करेगी जांच

धमतरी के पुलिस अधीक्षक (SP) ने मामले को गंभीरता से लेते हुए पूरी घटना की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच के आदेश दिए हैं। एसपी ने इसके लिए तीन डीएसपी (DSP) की एक विशेष जांच कमेटी गठित की है। इस हाई-लेवल कमेटी का नेतृत्व डीएसपी मोनिका मरावी कर रही हैं, जिनके साथ डीएसपी भानु प्रताप चंद्राकर और डीएसपी यशकरण ध्रुव शामिल हैं। यह टीम दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर तथ्यों के आधार पर अपनी विस्तृत रिपोर्ट सौंपेगी।

नवीन कुमार साहू को पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में 5 वर्ष से अधिक का अनुभव है। उन्होंने कुशाभाऊ ठाकरे पत्रकारिता एवं जनसंचार विश्वविद्यालय से Bachelor of Science (Electronic Media) और Master of Science (Electronic Media) की डिग्री हासिल की है। उन्होंने राजधानी रायपुर के कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है।