Gas Agency Action: गौरेला-पेंड्रा-मरवाही (GPM) जिले में एलपीजी गैस के भंडारण और वितरण में नियमों की अनदेखी के खिलाफ खाद्य विभाग ने एक बड़ी और सख्त कार्रवाई की है। जिले की मेसर्स सियाराम गैस एजेंसी गौरेला के खिलाफ लगातार उपभोक्ताओं द्वारा अनियमितताओं और घटिया सेवा की शिकायतें मिल रही थीं।
इन शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए खाद्य विभाग की विशेष टीम ने एजेंसी के गोदाम पर अचानक दबिश देकर औचक निरीक्षण किया। इस कार्रवाई से जिले के गैस वितरण तंत्र में हड़कंप मच गया है।
471 एलपीजी सिलिंडर जब्त, कई नियमों की उड़ाई जा रही थीं धज्जियां
जांच के दौरान टीम को गोदाम में भारी गड़बड़ियां देखने को मिलीं, जिसके बाद खाद्य विभाग ने मौके से कुल 471 एलपीजी गैस सिलिंडर जब्त कर लिए। जब्त किए गए सिलिंडरों में 14.2 किलोग्राम क्षमता वाले 433 घरेलू गैस सिलिंडर (87 खाली और 346 भरे हुए) तथा 19 किलोग्राम क्षमता वाले 38 व्यावसायिक गैस सिलिंडर (36 खाली और 2 भरे हुए) शामिल हैं।
स्टॉक प्रदर्शन बोर्ड गायब
इसके अलावा एजेंसी परिसर में आवश्यक मुख्य बोर्ड, स्टॉक प्रदर्शन बोर्ड गायब मिले और आवक-जावक रजिस्टर तथा स्टॉक पंजी का भी संधारण नहीं किया जा रहा था। यह पूरी कार्रवाई द्रवीकृत पेट्रोलियम गैस (प्रदाय और वितरण विनियम) आदेश 2000 के प्रावधानों के तहत की गई है।
पूर्व में भी लग चुका है जुर्माना, विभाग ने दी कड़ी चेतावनी
जिला खाद्य अधिकारी श्वेता अग्रवाल ने बताया कि सियाराम गैस एजेंसी की शिकायतें लंबे समय से मिल रही थीं। इससे पहले भी इस एजेंसी के गोदाम की जांच में गड़बड़ी मिलने पर 10,000 रुपये का जुर्माना लगाया जा चुका है, लेकिन सुधार न होने पर यह कड़ी कार्रवाई की गई।
कार्रवाई के दौरान खाद्य निरीक्षक राहुल सिंह राजपूत, अरविन्द चन्द्रा, आशीष पाण्डेय, नेहा पाटले और सहायक सोनू देवांगन मौजूद रहे। खाद्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि उपभोक्ताओं के अधिकारों की सुरक्षा और पारदर्शी व्यवस्था के लिए जिले की अन्य एजेंसियों पर भी यह जांच अभियान लगातार जारी रहेगा।
FAQ
प्रश्न 1: खाद्य विभाग ने गौरेला में किस गैस एजेंसी पर कार्रवाई की है?
उत्तर: खाद्य विभाग ने गौरेला स्थित ‘मेसर्स सियाराम गैस एजेंसी’ पर औचक निरीक्षण कर कार्रवाई की है।
प्रश्न 2: कार्रवाई के दौरान कुल कितने और किस प्रकार के सिलिंडर जब्त किए गए?
उत्तर: विभाग ने कुल 471 सिलिंडर जब्त किए, जिनमें 433 घरेलू (14.2 किग्रा) और 38 व्यावसायिक (19 किग्रा) सिलिंडर शामिल हैं।
प्रश्न 3: निरीक्षण के दौरान गोदाम में क्या-क्या खामियां और अनियमितताएं पाई गईं?
उत्तर: गोदाम में मुख्य बोर्ड और स्टॉक बोर्ड प्रदर्शित नहीं थे, साथ ही आवक-जावक पंजी और स्टॉक रजिस्टर का संधारण भी नहीं किया जा रहा था।
प्रश्न 4: क्या इस गैस एजेंसी पर पहले भी कोई कार्रवाई हो चुकी है?
उत्तर: हाँ, जिला खाद्य अधिकारी के अनुसार पूर्व में भी अनियमितता पाए जाने पर इस एजेंसी पर 10 हजार रुपये का जुर्माना लगाया जा चुका है।
प्रश्न 5: यह कार्रवाई किस कानून या आदेश के तहत की गई है?
उत्तर: यह कार्रवाई ‘द्रवीकृत पेट्रोलियम गैस (प्रदाय और वितरण विनियम) आदेश 2000’ के प्रावधानों के अंतर्गत की गई है।


