BRICS Summit 2026 के पहले दिन शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपना शुरुआती भाषण कुछ देर के लिए रोक दिया। उनकी नजर चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग पर गई, जो उस वक्त कुछ असहज नजर आ रहे थे। पीएम मोदी ने शी की ओर मुड़कर उनके साथ मौजूद अनुवादक से पूछा, क्या सब ठीक है?
कुछ देर बाद उन्होंने दोबारा यही सवाल किया। हालांकि, शी चिनफिंग के असहज दिखने की वजह साफ नहीं हो सकी है। यह माइक्रोफोन या भाषण के अनुवाद से जुड़ी समस्या भी हो सकती है।
सात साल बाद भारत आए शी चिनफिंग
शी चिनफिंग करीब सात साल बाद भारत आए और BRICS Summit में हिस्सा लिया। इस दौरान उनकी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ द्विपक्षीय बैठक भी हुई। दोनों नेताओं ने भारत-चीन संबंधों के भविष्य और उन्हें आगे बढ़ाने को लेकर चर्चा की। मोदी और शी की यह मुलाकात पिछले दो वर्षों में दोनों नेताओं की तीसरी द्विपक्षीय बातचीत थी। इससे पहले 2024 में कजान और 2025 में तियानजिन में दोनों की बैठक हुई थी।
40 मिनट चली मोदी-शी की बैठक
BRICS Summit के दौरान प्रधानमंत्री मोदी और शी चिनफिंग के बीच करीब 40 मिनट तक बातचीत हुई। दोनों नेताओं ने माना कि भारत और चीन को अपने रिश्तों को रणनीतिक और दीर्घकालिक नजरिए से देखना चाहिए। दोनों पक्षों ने इस बात पर भी सहमति जताई कि मतभेदों को विवाद का रूप लेने से रोकना जरूरी है। बैठक में द्विपक्षीय संबंधों में बनी मौजूदा गति को आगे बढ़ाने पर भी चर्चा हुई।
शी ने रिश्तों की मौजूदा गति को बताया अहम
शी चिनफिंग ने कहा कि संस्थागत आदान-प्रदान की बहाली, सहयोग के बढ़ते एजेंडे और बढ़ते व्यापार के आधार पर दोनों देशों के संबंधों में जो गति बनी है, उसे हासिल करने में काफी मुश्किलें आई हैं। उन्होंने इस गति को बनाए रखने पर जोर दिया। प्रधानमंत्री मोदी ने भी दोनों देशों के संबंधों में लगातार हो रही प्रगति का स्वागत किया। हालांकि, उन्होंने साफ किया कि सीमा क्षेत्रों में शांति और स्थिरता द्विपक्षीय संबंधों को लगातार आगे बढ़ाने के लिए जरूरी आधार बनी रहनी चाहिए। इस बीच BRICS मंच पर पीएम मोदी का भाषण रोककर शी चिनफिंग का हाल पूछना भी चर्चा का विषय बन गया। कार्यक्रम के उपलब्ध फुटेज में यह घटनाक्रम करीब 4:30 से 5 मिनट के बीच दिखाई देता है। चीन की ओर से इस पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई।



