Painkiller Side Effects: सिरदर्द, गर्दन, पेट या पैर में हल्का दर्द होते ही कई लोग तुरंत पेनकिलर ले लेते हैं। ओवर द काउंटर मिलने वाली दवाओं ने यह काम और आसान कर दिया है। लेकिन दर्द के लिए बार-बार या गलत तरीके से पेनकिलर लेना परेशानी बढ़ा सकता है। खासकर तब, जब दवा का चुनाव, लेबल, खुराक और उसे लेने का तरीका सही न हो।
हर दर्द के लिए एक ही पेनकिलर काम नहीं करती। इसके बावजूद कई लोग शरीर के अलग-अलग हिस्सों में होने वाले दर्द के लिए एक ही दवा लेते रहते हैं। यह आदत आगे चलकर नुकसान पहुंचा सकती है।
1. बिना सोचे ओवर द काउंटर पेनकिलर लेना
फार्मेसी पर कई तरह की पेनकिलर आसानी से मिल जाती हैं। लोग अक्सर डॉक्टर की सलाह के बिना इनमें से कोई दवा ले लेते हैं।
समस्या यह है कि हर पेनकिलर हर तरह के दर्द के लिए नहीं होती। इसलिए अलग-अलग तरह के दर्द में लगातार एक ही दवा लेना सही तरीका नहीं है।
2. दवा का लेबल नहीं पढ़ना
ओवर द काउंटर दवा मिलने का मतलब यह नहीं है कि उसके बारे में जानकारी लेना जरूरी नहीं है। दवा के लेबल पर उसके इस्तेमाल और जरूरी चेतावनियों से जुड़ी जानकारी दी जाती है।
इसमें यह भी बताया जाता है कि किन लोगों को दवा से एलर्जी हो सकती है और किन परिस्थितियों में इसका इस्तेमाल सुरक्षित नहीं माना जाता। इसलिए दवा लेने से पहले लेबल पढ़ना जरूरी है।
3. खुराक और समय का ध्यान नहीं रखना
दर्द ज्यादा होने पर कुछ लोग तय समय से पहले ही पेनकिलर की दूसरी खुराक ले लेते हैं। वहीं कुछ लोग डॉक्टर की ओर से बताई गई खुराक या समय का पालन नहीं करते।
दिए गए तथ्यों के अनुसार, जरूरत से ज्यादा दवा लेने का असर लीवर और किडनी पर पड़ सकता है। दूसरी ओर, डॉक्टर ने अगर दिन में 2 बार दवा लेने की सलाह दी है और कोई व्यक्ति केवल 1 बार दवा लेता है, तो दवा का अपेक्षित असर नहीं हो सकता।
इसलिए दवा की खुराक और उसे लेने के अंतराल से जुड़े निर्देशों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
4. खाली पेट पेनकिलर लेना
कुछ ओवर द काउंटर पेनकिलर खाली पेट लेने से पेट से जुड़ी परेशानी हो सकती है। इनमें पेट दर्द और अल्सर जैसी समस्या शामिल है।
इसी वजह से बाजार में मिलने वाली कई ऐसी दवाओं को खाना खाने के बाद लेने की सलाह दी जाती है। पेनकिलर लेने से पहले उसके लेबल पर दिए निर्देशों को जरूर देखना चाहिए।
5. ज्यादा दर्द होने पर भी डॉक्टर से सलाह न लेना
कई लोग डॉक्टर के पास जाने से बचने के लिए तेज या लगातार हो रहे दर्द में भी पेनकिलर लेते रहते हैं। लेकिन हर दर्द सामान्य वजह से नहीं होता।
लगातार या ज्यादा दर्द किसी शारीरिक समस्या का संकेत भी हो सकता है। ऐसे में केवल पेनकिलर लेकर दर्द को दबाते रहना सही तरीका नहीं है। ज्यादा दर्द होने पर डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
पेनकिलर लेते समय किन बातों का ध्यान रखें?
दवा लेने से पहले उसका लेबल पढ़ें। खुराक और लेने के अंतराल से जुड़े निर्देशों का पालन करें। हर तरह के दर्द के लिए एक ही पेनकिलर को बार-बार न लें। खाली पेट दवा लेने से पहले उसके निर्देश जरूर देखें। दर्द ज्यादा या लगातार बना रहे तो डॉक्टर से सलाह लें।
FAQs
1. क्या हर दर्द के लिए एक ही पेनकिलर ली जा सकती है?
नहीं। हर पेनकिलर हर तरह के दर्द के लिए काम नहीं करती।
2. पेनकिलर लेने से पहले लेबल पढ़ना क्यों जरूरी है?
लेबल पर दवा के इस्तेमाल और जरूरी चेतावनियों से जुड़ी जानकारी दी जाती है।
3. ज्यादा मात्रा में पेनकिलर लेने से क्या नुकसान हो सकता है?
दिए गए तथ्यों के अनुसार, जरूरत से ज्यादा दवा लेने का असर लीवर और किडनी पर पड़ सकता है।
4. क्या पेनकिलर खाली पेट लेनी चाहिए?
कई ओवर द काउंटर पेनकिलर खाना खाने के बाद लेने की सलाह दी जाती है। दवा के लेबल पर दिए निर्देशों का पालन करना चाहिए।
5. ज्यादा दर्द होने पर क्या केवल पेनकिलर लेना ठीक है?
ज्यादा या लगातार दर्द होने पर डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है, क्योंकि दर्द किसी शारीरिक समस्या की वजह से भी हो सकता है।


