टीआरपी डेस्क। राहुल गांधी के सावरकर वाले बयान को लेकर विपक्षी की एकता तार-तार होती नजर आ रही है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने दिल्ली में अपने आवास पर विपक्षी दलों को आमंत्रित किया है। इसमें जिसमें उद्धव ठाकरे गुट ने शामिल नहीं होने का फैसला किया है। 

टीआरपी डेस्क। राहुल गांधी के सावरकर वाले बयान को लेकर विपक्षी की एकता तार-तार होती नजर आ रही है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने दिल्ली में अपने आवास पर विपक्षी दलों को आमंत्रित किया है। इसमें जिसमें उद्धव ठाकरे गुट ने शामिल नहीं होने का फैसला किया है। 

वहीं इस संबंध में संजय राउत ने कहा कि उद्धव ठाकरे गुट ने आज मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर बैठक में शामिल नहीं होने का फैसला किया क्योंकि राहुल गांधी ने कहा कि मैं सावरकर नहीं हूं, मैं गांधी हूं।

वहीं सावरकर के पोते रंजीत सावरकर ने कहा कि राहुल गांधी कह रहे हैं कि वह माफी नहीं मांगेंगे क्योंकि वह सावरकर नहीं हैं, मैं उन्हें चुनौती देता हूं कि वे ऐसे दस्तावेज दिखाएं जिनमें सावरकर ने माफी मांगी हो। इसके उलट वह दो बार SC से माफी मांग चुके हैं। राहुल गांधी जो कुछ भी कर रहे हैं वह बचकाना है। राजनीति को बढ़ावा देने के लिए देशभक्तों के नाम का इस्तेमाल निंदनीय है।

इससे पहले शिवसेना के नेता उद्धव ठाकरे ने रविवार को चेतावनी दी थी कि सावरकर को नीचा दिखाने से विपक्षी गठबंधन में दरार पैदा होगी। उन्होंने कहा कि अगर राहुल गांधी सावरकर को निंदा करना जारी रखते हैं तो विपक्षी गठबंधन में दरार आ सकती है।

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रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।