Indian pilot Captain Smit Machchhar: दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में 30 सितंबर को उड़ान के दौरान कॉकपिट में गंभीर घटना हुई। भारतीय कैप्टन स्मित मच्छार पर कथित तौर पर सह-पायलट ने हमला किया। गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद मच्छार ने कॉकपिट का दरवाजा खोला और मदद के लिए आवाज लगाई।
इसके बाद यात्रियों और क्रू ने कॉकपिट में पहुंचकर स्थिति संभाली। विमान की सऊदी अरब के तबुक में आपात लैंडिंग कराई गई। विमान में 174 लोग सवार थे।
घायल होने के बाद भी कैप्टन ने खोला कॉकपिट का दरवाजा
घटना के दौरान विमान अचानक तेजी से नीचे जाने लगा। उपलब्ध फ्लाइट-ट्रैकिंग जानकारी के मुताबिक विमान ने करीब 14,300 फीट की ऊंचाई लगभग 37 सेकंड में खो दी थी। इसी दौरान कॉकपिट में मौजूद कैप्टन मच्छार घायल हो गए। इसके बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया। इससे यात्रियों और क्रू के सदस्यों को अंदर पहुंचने का मौका मिला। कुछ यात्रियों ने कथित हमलावर को काबू करने में मदद की। इसके बाद विमान को सुरक्षित तरीके से तबुक की ओर मोड़ा गया।
पीएम मोदी ने बताया Hero
घटना के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कैप्टन स्मित मच्छार की बहादुरी की सराहना की। उन्होंने कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद मच्छार ने दूसरों की जान बचाने के लिए असाधारण साहस और दृढ़ संकल्प दिखाया। पीएम मोदी ने कहा कि उनकी बहादुरी से सैकड़ों लोगों की जान बचाने और बड़ी त्रासदी टालने में मदद मिली। उन्होंने कैप्टन मच्छार के जल्द स्वस्थ होने और अच्छे स्वास्थ्य की कामना भी की।
ट्रंप और नेतन्याहू ने भी की तारीफ
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी कैप्टन मच्छार को हीरो बताया। ट्रंप के मुताबिक, गंभीर रूप से घायल होने के बाद भी पायलट ने कॉकपिट का दरवाजा खोलकर मदद पहुंचने का रास्ता बनाया। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी मच्छार की बहादुरी को सलाम किया। उन्होंने कहा कि घायल होने के बावजूद भारतीय कैप्टन ने प्रतिरोध किया और कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफल रहे। उनके मुताबिक, इससे यात्रियों और क्रू को कथित हमलावर पर काबू पाने में मदद मिली और 174 लोगों की जान बची। घटना के बाद सह-पायलट को सऊदी अरब में गिरफ्तार किया गया। घटना के कारणों और इसके पीछे की मंशा की जांच की जा रही है। इजरायली प्रधानमंत्री ने भी कहा है कि अभी घटना के मकसद को लेकर निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगी।
कौन हैं कैप्टन स्मित मच्छार?
स्मित मच्छार भारतीय कमर्शियल पायलट हैं। वह जून 2022 से फ्लाईदुबई के बोइंग 737 बेड़े में कैप्टन के तौर पर काम कर रहे हैं। इससे पहले उन्होंने करीब 11 साल तक स्पाइसजेट में काम किया। वहां वह सीनियर कमांडर और लाइन ट्रेनिंग कैप्टन की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। उनके प्रोफाइल के मुताबिक, मच्छार के पास बोइंग 737-800 और 737 MAX 8/9 विमानों पर करीब 9,750 घंटे का उड़ान अनुभव है। स्पाइसजेट में उनके पास पायलट-इन-कमांड के तौर पर 6,400 घंटे से ज्यादा का अनुभव था।
19 साल की उम्र में बदला करियर
स्मित मच्छार ने शुरुआत में पायलट बनने का फैसला नहीं किया था। एक पुराने इंटरव्यू के मुताबिक, स्कूल के बाद उन्होंने टेक्सटाइल इंजीनियरिंग की पढ़ाई शुरू की थी। उनका परिवार टेक्सटाइल कारोबार से जुड़ा था और वह आगे चलकर पारिवारिक कारोबार संभालने की तैयारी कर रहे थे। इसके बाद उन्होंने मुंबई के Welingkar Institute of Management में मैनेजमेंट की पढ़ाई की। करीब 19 साल की उम्र में एक एविएशन सेमिनार में हिस्सा लेने के बाद उनकी विमानन क्षेत्र में दिलचस्पी बढ़ी। इसके बाद उन्होंने करियर बदलने का फैसला किया और पायलट ट्रेनिंग के लिए न्यूजीलैंड चले गए।
स्पाइसजेट में 11 साल का अनुभव
ट्रेनिंग पूरी करने के बाद मच्छार ने 2011 में स्पाइसजेट से कमर्शियल एविएशन करियर शुरू किया। समय के साथ वह सीनियर कमांडर बने। नवंबर 2020 से उन्होंने लाइन ट्रेनिंग कैप्टन की जिम्मेदारी भी संभाली, जिसमें दूसरे पायलटों की ट्रेनिंग और उनकी क्षमता का आकलन शामिल था। जून 2022 में उन्होंने फ्लाईदुबई ज्वाइन किया। यहां उन्हें डायरेक्ट-एंट्री कैप्टन के तौर पर नियुक्त किया गया, यानी पहले से मौजूद कमांड अनुभव के आधार पर वह कैप्टन के पद पर आए।



