काेरोना से जंग : पत्ते के मास्क से खुद को बचा रहे हैं, बस्तर के आदिवासी

TRPDESK@ Aditya Tripathi  कोरोना वायरस की दहशत बढ़ते जा रही है। छत्तीसगढ़ राज्य भी इससे अछूता नहीं रहा है। वहीं आदिवासी बहुल कांकेर जिले में आदिवासियों ने कोरोना वायरस की दहशत के बीच अपनी सुरक्षा के लिए साल के पत्तों से देशी मास्क बनाया है। आमाबेडा़ इलाके के भर्रीटोला गांव के आदिवासियों ने प्राकृतिक उपायों से खुद को कोरोना वायरस से बचाने के लिए यह तरीका अपनाया है।

आदिवासी परिवारों ने साल पेड़ के पत्तों से एक मास्क बनाया है और कोरोना वायरस से बचने के लिए घरों से बाहर नहीं निकल रहे हैं। आदिवासियों का कहना है कि आमाबेड़ा इलाके में कोरोना वायरस से बचने के लिए मास्क नहीं मिल रहा है और यहां से शहर आने-जाने की सुविधा नहीं है, इसलिए बस्तर के आदिवासी अंदरूनी इलाकों में देशी मास्क से खुद को सुरक्षा का भरोसा दे रहे हैं।