Madhya Pradesh News: मध्य प्रदेश के सागर जिले में जहरीली शराब से हुई मौतों के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने मामले के मुख्य आरोपियों में शामिल रवि लखेरा को बरायथा जंगल में मुठभेड़ के बाद पकड़ लिया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी को जिला मुख्यालय से करीब 40 किलोमीटर दूर जंगल में रोका गया था, जिसके बाद दोनों ओर से फायरिंग हुई।
मुठभेड़ के दौरान रवि लखेरा घायल हो गया। उसे इलाज के लिए पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश के बांदा स्थित अस्पताल ले जाया गया। फोन कॉल पर एक न्यूज एजेंसी से बातचीत में आरोपी ने बताया कि उसका इलाज चल रहा है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक उसकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है और उसे निगरानी में रखा गया है।
जहरीली शराब बनाने का आरोप
पुलिस जांच में आरोप है कि रवि लखेरा लाइसेंस प्राप्त शराब ठेकेदार मनीष लोधी उर्फ यशवंत सिंह लोधी के साथ मिलकर जहरीली शराब तैयार करने के नेटवर्क में शामिल था। आरोप है कि तैयार शराब को सागर जिले के अलग-अलग इलाकों में शराब बेचने वाले लोगों के माध्यम से खपाया जाता था। मामले में पुलिस कई स्तरों पर जांच कर रही है।
यूपी के ललितपुर से जुड़ा आरोपी
पुलिस सूत्रों के अनुसार रवि लखेरा उत्तर प्रदेश के ललितपुर की गंगापुरम कॉलोनी का रहने वाला है। ललितपुर की सीमा सागर जिले से जुड़ी होने के कारण पुलिस को उसके नेटवर्क की तलाश में दोनों राज्यों के बीच गतिविधियों की जांच करनी पड़ रही है। हालांकि लखेरा मूल रूप से उत्तर प्रदेश के महोबा जिले का रहने वाला बताया गया है।
आरोपी पर करीब 25 मामले दर्ज
पुलिस के अनुसार रवि लखेरा के खिलाफ मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और अन्य स्थानों पर करीब 25 आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें बड़ी संख्या आबकारी अधिनियम से जुड़े मामलों की बताई जा रही है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक वह सागर के बहेरिया थाना क्षेत्र में 2025 में दर्ज अवैध शराब निर्माण के एक मामले में भी वांछित था।
16 लोगों की मौत से मचा हड़कंप
सागर जिले में जहरीली शराब पीने से अब तक 16 लोगों की मौत होने की जानकारी सामने आई है। वहीं 32 लोग अलग-अलग अस्पतालों में इलाज करा रहे हैं। इस घटना के बाद प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मचा हुआ है। मामले में आरोपी बनाए गए 30 लोगों में से 17 आरोपियों की गिरफ्तारी की जा चुकी है।
मुख्यमंत्री ने दिए सख्त कार्रवाई के निर्देश
मुख्यमंत्री यादव ने सागर की घटना को गंभीर बताते हुए प्रशासन को कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि त्रासदी के लिए जिम्मेदार किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री के मुताबिक पुलिस ने कार्रवाई में अपनी कुशलता का परिचय दिया है और सरकार इस मामले में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं करेगी।
न्यायिक जांच के आदेश
घटना की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री ने जहरीली शराब कांड की न्यायिक जांच के आदेश दिए हैं। सरकार की ओर से जिम्मेदारी तय करने और घटना के पीछे मौजूद पूरे नेटवर्क का पता लगाने पर जोर दिया जा रहा है। जांच में शराब निर्माण से लेकर उसकी सप्लाई और बिक्री तक की पूरी कड़ी खंगाली जा रही है।


