अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर में एक महिला का शव मिला है। दिल दहला देने वाले इस मंजर में महिला का सिर पेड़ पर लगे फंदे से लटकता दिखा तो वहीँ धड़ जमीन पर गिरकर सड़क चुका था। बताया जा रहा है कि महिला करीब 12 दिन पहले क्वारेंटाइन सेंटर से गायब हो गई थी। इसके बाद से ही उसकी तलाश की जा रही थी। पुलिस ने महिला के बेटे से उसकी शिनाख्त कराई। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामला रामचंद्रपुर क्षेत्र का है। 15 जून को जशोदा अचानक क्वारेंटाइन सेंटर से गायब हो गई। परिजनों और पुलिस ने काफी तलाश किया, लेेकिन उसका कुछ पता नहीं चल सका।

एक न्यूज़ एजेंसी से मिली जानकारी के मुताबिक, बाहर चुरा गांव निवासी जशोदा (55) पत्नी हीरा कोरवा 25 मई को झारखंड से अपने पति और बेटे-बहू के साथ लौटी थी। इसके बाद प्रशासन ने 26 मई से महिला को रामचंद्रपुर स्थित कन्या आश्रम और पति व बेटे को सनावल स्थित शासकीय महाविद्यालय में बनाए गए क्वारेंटाइन सेंटर में भेज दिया था। बहू के बच्चे छोटे होने के कारण उन्हें घर में ही होम क्वारेंटाइन कर दिया गया।

15 जून को लापता हो गई थी महिला

इसके बाद 15 जून को जशोदा अचानक क्वारेंटाइन सेंटर से गायब हो गई। परिजनों और पुलिस ने काफी तलाश किया, लेेकिन उसका कुछ पता नहीं चल सका। इस बीच अनिरुद्धपुर लकड़मनवा के जंगलों में ग्रामीणों ने पेड़ पर साड़ी के सहारे एक महिला का सिर लटका देखा। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और शिनाख्त कराया गया। महिला की मौत काफी दिन पहले हो जाने के कारण शव बुरी तरह सड़ चुका था।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।