टीआरपी डेस्क। ज्यादातर लोग सफर करने के लिए बस या कार के बजाय ट्रेन का इस्तेमाल करते हैं।

मगर,  महिलाओं और बुजुर्ग यात्रियों के लिए यह सफर मुसीबत भरा साबित होता है, जब उन्हें ऊपर की

बर्थ में सफर करना होता है। दरअसल, ऊपर चढ़ने के लिए ट्रेन में ऐसी व्यवस्था नहीं होती है, जिससे

महिलाएं और बुजुर्ग सुरक्षित तरीके से चढ़ या उतर सकें। इसे देखते हुए आई.आई.टी. कानपुर की एक टीम

ने रेल की बोगी में ऊपर की बर्थ पर चढ़ने के लिए फोल्ड होने वाली सीढ़ी बनाई हैं।

 

 

यह सीढ़ियां यात्रियों को आसानी से मिडिल और अपर बर्थ तक पहुंचने में मदद करेंगी। आई.आई.टी.

कानपुर से प्रोग्राम डिजाइनिंग में पीएचडी करने वाले कनिष्क बिस्वास ने बताया कि सीढ़ी में 3 फोल्डेबल

स्टेप हैं, जिन्हें आसानी से लॉक, अनलॉक किया जा सकता है। इन्हें इस तरह से लगाया गया है, कि ये

जगह कम लें और यात्रियों को चढ़ने में आसानी भी हो। तीनों स्टैंड को पहली और दूसरी बर्थ के बीच में

See also  CG Corona Update : छत्तीसगढ़ में आज मिले कोरोना के 482 नए केस, एक्टिव मरीजों की संख्या पहुंची 3090

लगाया गया है। फोल्डिंग सीढ़ियों की डिजाइन को रेलवे अधिकारियों के पास ट्रायल के लिए भेजा है।

 

 

इसके साथ ही सीढ़ी का डिजाइन पेटेंट कराने के लिए आवेदन पहले ही किया जा चुका है। सीढ़ी को तैयार करने

वाली टीम में प्रोग्राम डिजाइनिंग में पीएचडी कर रहे कनिष्क, पुष्पल डे, अर्थ साइंस विभाग की पीएचडी स्कॉलर

ईशा रे, मैक्निकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर डॉक्टर बिशाख भट्टाचार्य और सिविल इंजीनियरिंग विभाग के

प्रोफेसर डॉ तरुण गुप्ता शामिल थे।

 

Chhattisgarh से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर Like करें, Twitter पर Follow करें और Youtube  पर हमें subscribe करें। एक ही क्लिक में पढ़ें  The Rural Press की सारी खबरें।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।