TRPDESK @ ADUTYA TRIPATHI@:- पिछले 5 दिनों से भारत में कोरोना वायरस (Coronavirus) के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है। इसने सरकार की चिंता बढ़ा दी है। देश में वायरस के तीसरे फेज यानी कम्युनिटी ट्रांसमिशन की आशंका भी गहरा गई है। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए सरकार ने इसे रोकने के लिए पूरी ताकत झोंक दी है। स्वास्थ्य मंत्रालय ने सभी राज्यों को सोशल डिस्टेंसिंग Social Distancing यानी एक दूसरे से दूर-दूर रहने) के नियम का पालन नहीं करने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा है। स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल के अनुसार, सभी राज्यों को स्पष्ट निर्देश है कि Social Distancing सोशल डिस्टेंसिंग लागू कराने लिए उन्हें किसी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करनी पड़े तो इसमें भी संकोच नहीं करें।

एपिडेमिक डिजीज कंट्रोल एक्ट के तहत राज्यों को पहले से ही कार्रवाई करने का पूरा अधिकार दिया गया है। इसके अलावा यदि जरूरत पड़े तो वे सीआरपीसी, आईपीसी या किसी भी अन्य कानून की धारा के तहत भी कार्रवाई कर सकते हैं।

बकौल लव अग्रवाल, पिछले 4-5 दिन से कोरोना ग्रसित मरीजों की तेजी से बढ़ती संख्या चिंता की बात है और कम्युनिटी ट्रांसमिशन के फेज तक पहुंचने से रोकने के लिए सोशल डिस्टेंसिंग को कड़ाई से लागू करना ही एक मात्र विकल्प है।

Social Distancing लागू करने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय पहले ही सार्वजनिक परिवहन के साधनों को कम करने और उनमें यात्रियों के बीच एक मीटर की दूरी सुनिश्चित करने को कह चुका है। यही नहीं, राज्यों को रेलवे स्टेशनों और बस अड्डों पर भीड़ नियंत्रित करने के विशेष प्रबंध करने को भी कहा गया है। यदि ऐसा संभव नहीं हो तो उन्हें पूरी तरह बंद कर दिया जाए।

लव अग्रवाल ने कहा कि सभी राज्य एक साथ मिलकर पूरे देश में Social Distancing को कड़ाई से लागू नहीं करेंगे तो हालात को संभालना मुश्किल हो जाएगा।

क्यों खतरनाक है Community Transmission?

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अभी तक देश में जितने संक्रमित मिले हैं, वे या तो विदेश से आए हैं या ऐसे ही किसी संक्रमित के सीधे संपर्क में आए हैं। यह संक्रमण का Local Transmission (लोकल ट्रांसमिशन) स्टेज कहलाता है। इसमें संक्रमण का स्त्रोत ज्ञात रहता है। Community Transmission (कम्युनिटी ट्रांसमिशन) का अर्थ होगा कि कोई किसी अज्ञात के संपर्क में आकर संक्रमित हो गया। ऐसा होने पर संक्रमित लोगों की पहचान मुश्किल होती है और संक्रमण का दायरा बहुत तेजी से बढ़ता है।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।