टीआरपी डेस्क। यदि आपने अपने फाइनैंशल कार्यों को अब तक नहीं किया हैं, तो आपको याद दिला दे  मार्च का महीना चल रहा है। और 31 मार्च 2020, अंतिम तारीख है कई महत्वपूर्ण फाइनैंशल कार्यों को पूरा करने की। यह समय सीमा निकल जाने के बाद, आपको इन कार्यों को पूरा करने के लिए दोबारा मौका नहीं मिलेगा। चूंकि वर्तमान फाइनैंशल वर्ष के पूरा होने में अब कुछ ही सप्ताह बचे रह गए हैं, इसलिए आप अपने सरे काम को छोड़ कर ये महत्वपूर्ण फाइनैंशल कार्यों पर जल्दी से नजर डाले और अपना काम जल्द पूरा कर ले।

पैन कार्ड एवं आधार कार्ड को लिंक कराए

सरकार ने आधार को पैन से लिंक करने की आखिरी तारीख को कई बार बढ़ाया है। इसकी अंतिम समय सीमा अब 31 मार्च 2020 है। यदि आप इस समय सीमा तक अपने पैन और आधार को लिंक करने में असफल हो जाते हैं तो इनकम टैक्स डिपार्टमेंट इसके लिए आप पर 10,000 रु. तक की पेनल्टी लगा सकता है। उदाहरण के लिए, आपके पैन को निष्क्रिय माना जा सकता है और यदि आप इस समय सीमा के बाद अपने पैन से लिंक्ड अपने बैंक अकाउंट का इस्तेमाल करके लेनदेन करते हैं जो आपके आधार से लिंक्ड नहीं है तो आपको 10,000 रुपये फाइन देना पड़ सकता है।

असल में, आपको हर बार इस नियम का उल्लंघन करने पर पेनल्टी देनी पड़ सकती है। इसलिए अपने पैन और आधार को तुरंत लिंक कर लेना ठीक होगा। पैन और आधार को लिंक करना अनिवार्य है यदि आप अपना टैक्स रिटर्न फ़ाइल करना चाहते हैं और एक बैंक अकाउंट खोलने, प्रॉपर्टी खरीदने और बेचने, एक लोन या एक क्रेडिट कार्ड के लिए अप्लाई करने, इन्वेस्टमेंट करने, इत्यादि जैसे महत्वपूर्ण फाइनैंशल स्टेप्स लेना चाहते हैं।

AY2019-20 के लिए टैक्स रिटर्न फाइल करना

देर से इनकम टैक्स रिटर्न फ़ाइल करने पर पेनल्टी लगती है। FY2018-19 (AY2019-20) के लिए टैक्स रिटर्न फाइल करने की समय सीमा, 31 जुलाई 2019 थी, जिसे बाद में एक महीने के लिए बढ़ा दिया गया था। देर से अपना रिटर्न फाइल करने की अगली समय सीमा, 31 दिसंबर 2019 थी। इस काम को पूरा करने की अंतिम समय सीमा, 31 मार्च 2020 है। लेकिन, देर से फ़ाइल करने के कारण इस पर पेनल्टी लगती है।

यदि आपकी इनकम 5 लाख रुपये से कम है तो देर से रिटर्न फाइल करने की लेट फाइलिंग फीस, 1000 रुपये तक है, जबकि यदि आपका इनकम 5 लाख रुपये से अधिक है तो 31 मार्च तक फाइल करने पर यह पेनल्टी 10,000 रुपये तक हो सकती है। इसके अलावा, यदि आपके ITR में विसंगति है तो यह संशोधित रिटर्न फाइल करने की आखिरी तारीख भी है। ITR फाइल किए बिना अगले फाइनैंशल वर्ष में प्रवेश करने पर समस्या खड़ी हो सकती है। इसलिए, इस समय सीमा के भीतर अपना विलंबित या संशोधित रिटर्न फाइल कर लेना ठीक होगा।

FY2019-20 में टैक्स सेविंग इन्वेस्टमेंट्स करना

यदि आपने अभी तक FY2019-20 में अपने टैक्स के बोझ को कम करने के लिए योग्य इन्वेस्टमेंट्स और इंश्योरेंस प्रॉडक्ट्स खरीदकर टैक्स डिडक्शन बेनिफिट का पूरा लाभ नहीं उठाया है तो आपको 31 मार्च 2020 से पहले इस काम को पूरा कर लेना चाहिए। टैक्सपेयर्स अकसर अपने मौजूदा टैक्स सेविंग उपायों का जायजा नहीं लेते हैं और इसलिए अपनी टैक्स सेविंग जरूरतों का सही ढंग से मूल्यांकन करने में असफल हो जाते हैं।

इनकम टैक्स ऐक्ट के सेक्शन 80C के तहत, उदाहरण के लिए, एक टैक्सपेयर को 1.5 लाख रुपये तक का टैक्स डिडक्शन बेनिफिट मिल सकता है। इसलिए, यदि आप सबसे ऊंचे टैक्स ब्रैकेट में आते हैं और आपका मौजूदा टैक्स सेविंग सम्बन्धी इंतजाम, इस लिमिट से कम है तो आप इसका अधिक से अधिक लाभ उठाने के लिए और अधिक इन्वेस्टमेंट कर सकते हैं।

आप नैशनल पेंशन स्कीम (NPS) में इन्वेस्टमेंट करके, सेक्शन 80CCD के तहत 50,000 रुपये तक अलग से टैक्स डिडक्शन के लिए क्लेम कर सकते हैं। इसके अलावा, आप सेक्शन 80D के तहत अपने लिए, अपनी पत्नी/पति और आश्रित बच्चों के लिए ख़रीदे गए मेडिकल इंश्योरेंस के लिए 25,000 रुपये तक और अपने सीनियर सिटिजन माता-पिता के लिए 50,000 रुपये तक के डिडक्शन के लिए क्लेम कर सकते हैं, और सेक्शन 80E के तहत अपने एजुकेशन लोन के इंटरेस्ट पेमेंट अमाउंट पर टैक्स डिडक्शन के लिए क्लेम कर सकते हैं। सिर्फ यही नहीं, आप अपने पाने योग्य तरह-तरह के टैक्स भत्तों का इस्तेमाल करके अपनी टैक्स सेविंग को बढ़ा सकते हैं।

अंतिम समय में टैक्स सेविंग इन्वेस्टमेंट और इंश्योरेंस प्रॉडक्ट्स खरीदते समय इस बात का ध्यान रखें कि वे आपके फाइनैंशल लक्ष्यों, इंश्योरेंस सम्बन्धी जरूरतों, रिस्क उठाने की चाहत और लिक्विडिटी संबंधित जरूरतों के अनुरूप होने चाहिए।

होम लोन पर PMAY इंटरेस्ट सब्सिडी का लाभ उठाना

सरकार की प्रधान मंत्री आवास योजना-शहरी योजना के तहत, पहली बार घर खरीदने वाले योग्य खरीदारों को एक सस्ते घर के लिए एक होम लोन लेते समय एक अपफ्रंट क्रेडिट लिंक्ड इंटरेस्ट सब्सिडी मिल सकती है। इस योजना को चार इनकम केटेगरी में लागू किया गया है: आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS), निम्न आय समूह (LIG), मध्यम आय समूह-I (MIG I) और मध्यम आय समूह-II (MIG II)। जबकि EWS और LIG केटेगरी में आने वाले घर खरीदारों को 31 मार्च 2022 तक इस बेनिफिट का लाभ मिल सकता है, लेकिन MIG I और MIG II केटेगरी के अंतर्गत पड़ने वाले घर खरीदार सिर्फ 31 मार्च 2020 तक ही इसका लाभ उठा सकते हैं।

MIG I और MIG II केटेगरी के अंतर्गत आने वाले, पहली बार घर खरीदने वाले खरीदारों को क्रमशः 2,35,000 और 2,30,000 रु. तक की इंटरेस्ट सब्सिडी मिल सकती है, यदि वे वार्षिक घरेलू आय, होम लोन अमाउंट, प्रॉपर्टी कारपेट एरिया, इत्यादि की दृष्टि से इस योजना की सभी योग्यता सम्बन्धी आवश्यकताओं को पूरा करते हैं। इसलिए, यदि आप एक होम लोन लेकर अपना पहला घर खरीदने की सोच रहे हैं और इन आवश्यकताओं को पूरा करते हैं तो आपको इंटरेस्ट बचाने के लिए 31 मार्च 2020 से पहले अपने लोन को अंतिम रूप देने की कोशिश करनी चाहिए।

पूरा करने योग्य अन्य कार्य

31 मार्च 2020, प्रधान मंत्री वय वंदना योजना (PMVVY) पेंशन स्कीम के तहत इन्वेस्टमेंट बेनिफिट का लाभ उठाने की अंतिम समय सीमा भी है। इसलिए यदि आप इसमें इन्वेस्ट करने की सोच रहे हैं तो जल्दी करें।

अंत में, यदि आप आने वाले महीनों में अपने इक्विटी इन्वेस्टमेंट्स पर लॉन्ग टर्म कैपिटल गेन्स (LTCG) को बुक करना चाहते हैं और आपका LTCG अमाउंट, 1 लाख रुपये से अधिक है तो आप चाहें तो 31 मार्च 2020 से पहले 1 लाख रुपये तक का प्रॉफिट बुक कर सकते हैं, और बाकी बचे प्रॉफिट को अगले फाइनैंशल वर्ष में बुक कर सकते हैं। इससे आपको एक फाइनैंशल वर्ष में 1 लाख रु. से अधिक LTCG पर लगने वाले 10% टैक्स से बचने में मदद मिलेगी।

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