आज से शिकायत अपीलीय (Grievance Appellate Committee) पैनल (GAC) की शुरुआत हो गई हैं। इसका गठन इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने की है । शिकायत अपीलीय पैनल सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों के फैसलों के खिलाफ उपयोगकर्ताओं की अपील पर गौर करेगा। चंद्रशेखर ने पैनल की घोषणा करते हुए कहा कि डिजिटल प्लेटफॉर्म, शिकायत अपील समिति (जीएसी), अपने यूजर्स के लिए प्लेटफॉर्म की जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए एक शक्तिशाली उपकरण है। बता दें कि सरकार ने पिछले साल नवंबर में ही शिकायत अपीलीय पैनल का गठन करने की घोषणा की थी।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि हमने एक शिकायत अपील पैनल के बारे में पहले भी बात की थी। यह पैनल उन प्लेटफार्मों से अपीलों को संबोधित करने के लिए बैठेगी जो यूजर्स की शिकायतों का समाधान नहीं करते हैं। इसके लिए आज हमने डिजिटल प्लेटफॉर्म लॉन्च किया है।

मजबूत हो रहे हैं आईटी नियम

उन्होंने कहा कि शिकायत अपीलीय पैनल, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर यूजर्स की शिकायत दर्ज करने और उसे दूर करने के लिए लाभकारी सिद्ध होगा। यह विकसित हो रहे ढांचे में एक और मील का पत्थर है कि इंटरनेट ओपन, सुरक्षित और विश्वसनीय है। बता दें कि आईटी नियमों को अक्टूबर में मजबूत किया गया था ताकि केंद्र द्वारा नियुक्त पैनल के गठन का मार्ग प्रशस्त किया जा सके, जिस तरह से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ने कंटेंट और अन्य मामलों के बारे में यूजर्स की शिकायत के खिलाफ समाधान किया।

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ईज ऑफ लिविंग यूजिंग टेक्नोलॉजी

उन्होंने कहा कि यह वास्तव में एक बहुत ही उपयुक्त दिन है क्योंकि प्रधानमंत्री मोदी ने आज MeitY वेबिनार का शुभारंभ किया। इन वेबिनार में उन्होंने टेक्नोलॉजी के माध्यम से जीवन को आसान बनाने के बारे में बात की। उन्होंने फेसलेस कराधान का उल्लेख इस बात के उदाहरण के रूप में किया कि कैसे टेक्नोलॉजी जीवन को बदल रही है और नागरिकों के जीवन को आसान बना रही है।

दरअसल, प्रधानमंत्री ने आज ही ‘अनलीशिंग द पोटेंशियल: ईज ऑफ लिविंग यूजिंग टेक्नोलॉजी’ विषय पर बजट के बाद के वेबिनार को संबोधित किया। मोदी ने कहा कि भारत एक आधुनिक डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार कर रहा है और यह सुनिश्चित कर रहा है कि डिजिटल क्रांति का लाभ सभी तक पहुंचे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि करदाताओं के सामने आने वाली समस्याओं के समाधान के लिए कर प्रणाली को फेसलेस बनाने के लिए टेक्नोलॉजी का उपयोग किया जा रहा है।

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