टीआरपी डेस्क। Uttarakhand Cloudburst:  देवभूमि उत्तराखंड की सुंदर धरा जिसे शिव और विष्णु की स्थली भी कहा जाता है. दूर-दूर से भक्त केदारनाथ और बद्रीनाथ के दर्शन को आते हैं.  जहां भागीरथी और अंलकनदा के मिलन से गंगा नदी बनती है . हरिद्वार, ऋषिकेश जैसी पवित्र भूमि जहां शिव की भक्ति भक्तों को आनंदित कर देती है. जिसे दुनियाभर में आध्यात्मिक महत्व के लिए भी जाना जाता है. प्राकृतिक सुंदरता से भरपूर उत्तराखंड की भूमि आज लोगों को डरा रही है. यहां के ऊंचे-ऊंचे पहाड़, बर्फीली पहाड़ियां और प्राकृतिक सुंदरता लोगों को अपनी ओर खींचती थी. लेकिन, बारिश के साथ ही पहाड़ों से बहता सैलाब अब सब कुछ बर्बाद कर रहा है. हाल ही में धाराली में आई आपदा ने पल भर में सब कुछ तबाह कर दिया. जहां चंद मिनट पहले लोगों की चहल पहल थी. बाजार पर्यटकों से गुलजार था. वहां कुछ देर बाद सिर्फ मलबा दिखाई दे रहा था. कितनी जिंदगियां उसी मलबे में दब गई.

Uttarakhand Cloudburst:  वहीं, एक बार फिर फूलों की रानी कहे जाने वाले चमोली जिले में तबाही का मंजर देखने को मिला है. जिले के तहसील देवाल के मोपाटा गांव में बादल फटने से तबाही देखने को मिली है. तेज बारिश और पहाड़ों से गिलते मलबे में दो लोग लापता हो गए हैं. जानकारी मिलते ही रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची. और राहत-बचाव कार्य शुरू कर दिया है. सिर्फ चमोली ही नहीं बल्कि केदारघाटी में स्थिति काफी गंभीर है. लवारा गांव में पुल बहने से कई गांवों का संपर्क जिला मुख्यालय से टूट गया है. मंदाकिनी और अलकंनदा अपने उफान पर है. पानी घरों में घुस गया है. चारों ओर सिर्फ तबाही का मंजर देखने को मिल रहा है.

See also  हरियाणा सरकार को राहत, प्राइवेट सेक्टर में 75% नौकरी आरक्षित रखने के कानून पर रोक को SC ने हटाया

मलबे में दबी गौशाला

Uttarakhand Cloudburst:  चमोली जिले के देवाल क्षेत्र में बादल फटने से मलबा आया है. यहां आवास के पास मौजूद गौशाला में मलबे में दब गया है. जिसमें एक दर्जन से ज्यादा मवेशी दब गए हैं. उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने एक्स पर पोस्ट कर जानकारी देते हुए लिखा कि, जनपद रुद्रप्रयाग के बसुकेदार क्षेत्र के बड़ेथ डुंगर तोक और चमोली जिले के देवाल क्षेत्र में बादल फटने से मलबा आया है. इसकी वजह से कुछ परिवार फंस गए हैं. प्रशासन राहत और बचाव कार्य में जुटा है. जिसमें लगातार तेजी लाई जा रही है. मैं लगातार अधिकारियों से संपर्क में हूं और आपदा सचिव व जिलाधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि बचाव कार्य सही तरीके से और तेजी से किए जाएं.”

अलकनंदा और मंदाकिनी उफान पर

Uttarakhand Cloudburst:  भारी बारिश की वजह से रुद्रप्रयाग जिले में अलकनंदा और मंदाकिनी के संगम पर जलस्तर लगातार बढ़ रहा है. दोनों नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही है. जिससे क्षेत्र में बाढ़ जैसी स्थिति निर्मित हो गई है. जिले के हालात काफी चिंताजनक है. रुद्रप्रयाग का हनुमान मंदिर पानी में डूब गया है. मंदाकिनी का जलस्तर लोगों का डरा रहा है. बढ़ता जलस्तर साल 2013 में आए प्रलय की याद दिला रही है. प्रशासन के मुताबिक, बसु केदार क्षेत्र में अतिव्रष्टि के बाद 4 घर बहने की सूचना है, सभी को सुरक्षित निकाल लिया गया है और स्थिति पर नज़र बनाये हुए हैं. भारी बारिश को देखते हुए रुद्रपरायग, बागेश्वर, चमोली, हरिद्वार और पिथौरागढ़ जिलों में आज स्कूलों की छुट्टी की गई है.

See also  Arvind Kejriwal Excise Policy Case: अरविंद केजरीवाल की जीत भी और झटका भी… AAP नेताओं पर अवमानना कार्रवाई, जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा ने कही ये बात

हरिद्धार में तेज बारिश का दौर जारी

Uttarakhand Cloudburst:  हरिद्वार में भारी बारिश की वजह से गंगा का जलस्तर बढ़ गया है. जिलाधिकारी ने भारी बारिश को देखते हुए स्कूल और आंगनवाड़ी केंद्रों को बंद रखने का निर्देश दिया है. वहीं, . पिथौरागढ़ में जिलाधिकारी ने जनपद के समस्त शासकीय, अशासकीय एवं निजी तथा आंगनबाड़ी केन्द्रों में दिनांक 29 अगस्त 2025 को अवकाश घोषित किया गया है.

मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट

Uttarakhand Cloudburst:  मौसम विभाग ने 29 अगस्त के लिए देहरादून, बागेश्वर, नैनीताल, पिथौरागढ़ में तेज बारिश के मद्देनजर ऑरेंज अलर्ट घोषित किया है. वहीं बाकी क्षेत्रों के लिए येलो अलर्ट घोषित किया है. उत्तराखंड में अगले दो दिन अलग-अलग क्षेत्रों में भारी बारिश को देखते हुए पूरे प्रदेश को येलो अलर्ट पर रखा हुआ.