0 सत्ता और संगठन के बीच खलबली

रायपुर। छत्तीसगढ़ के वरिष्ठ भाजपा नेता और पूर्व गृहमंत्री ननकी राम कंवर नेपिछले दिनों कोरबा कलेक्टर अजीत वसंत के खिलाफ मुख्यमंत्री से शिकायत करते हुए उन्हें हटाने की मांग की थी। साथ ही उन्होंने यह भी ऐलान किया था कि कलेक्टर को नहीं हटाने पर वे अपने समर्थकों के साथ धरना प्रदर्शन करेंगे। अपनी घोषणा के मुताबिक कंवर ने राजधानी रायपुर में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के बंगले के सामने 4 अक्टूबर को धरना देने का ऐलान किया है। इसके लिए उन्होंने रायपुर के कलेक्टर डॉ गौरव सिंह को पत्र लिखकर सूचना प्रेषित की है।

क्या लिखा है कलेक्टर को भेजे पत्र में..?

पूर्व गृह मंत्री ने कलेक्टर, रायपुर को भेजे पत्र में लिखा है कि कोरबा कलेक्टर अजीत वसंत के खिलाफ मेरे द्वारा दिए गए अल्टीमेटम शिकायत पर शासन प्रशासन की तरफ से समय सीमा में कोई संज्ञान नहीं लिए जाने से क्षुब्ध होकर मैं मुख्यमंत्री आवास सिविल लाइन रायपुर के सामने धरने पर बैठूंगा।

पूर्व गृह मंत्री ने लिखा है कि मुख्यमंत्री को 21 और 22 सितंबर को शिकायत पत्र देते हुए सरकार से मांग किया था कि कोरबा कलेक्टर अजीत वसंत को तीन दिन के भीतर कोरबा से हटाया नहीं जाता तो मैं धरने पर बैठने के लिए बाध्य रहूंगा। मेरी शिकायत पर हमारी भाजपा की प्रदेश सरकार में संज्ञान नहीं लिया जाना स्पष्ट प्रमाण है कि मुख्यमंत्री को अधिकारी कब्जे में करके गुमराह करके रखे हुए हैं। जब मेरे जैसे वरिष्ठ नेता की शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं होती है तो अन्य जनप्रतिनिधियों की शिकायत को किस तरह संज्ञान में लिया जाता होगा, समझा जा सकता है। कोरबा कलेक्टर के भ्रष्टाचार पर पर्दा डालने में सरकार में बैठे बड़े अधिकारियों का योगदान होना लोकतंत्र के लिए उचित नहीं है।

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‘जांच संबंधी कोई जानकारी नहीं दी गई’

ननकी राम कंवर का कहना है कि मुख्यमंत्री के बयान जरूर आ रहे हैं कि जांच करवाई जाएगी लेकिन जांच किसे दी गई है, कोई समिति बनाई गई है इसकी कोई जानकारी मुझे नहीं दी गई है। कंवर ने लिखा है कि कोरबा जिले में अब तक किया गया भ्रष्टाचार/ कोरबा के वर्तमान कलेक्टर के द्वारा किया गया भ्रष्टाचार/ सीजीएमएससी के द्वारा दवाई खरीदी और उपकरण खरीदी में सैकड़ो करोड़ों रुपए के किया गया भ्रष्टाचार, जिसमें संदिग्ध रूप से जो नाम सामने आए हैं आईएएस अधिकारियों के, उन पर कोई कार्यवाही नहीं की जा रही है, एकमात्र सप्लायर को जेल में डाल दिया गया है और किसी पर कार्यवाही कुछ नजर नहीं आ रही है, ऐसी अनेक गड़बड़ियों पर कार्यवाही करने की मांग को लेकर अपने समर्थकों के साथ और कार्यकर्ताओं के साथ धरने पर बैठूंगा आपको पत्र के द्वारा सूचना दे रहा हूं….? पढ़ें रायपुर कलेक्टर को लिखा पत्र :

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भाजपा संगठन और सरकार के भीतर हलचल

रायपुर कलेक्टर के पास जैसे ही ननकी राम कंवर का ज्ञापन पहुंचा और इसकी जानकारी आम हुई, सत्ता और संगठन के बीच खलबली मचनी शुरू हो गई। दरअसल कंवर के पत्र के संदर्भ में जब मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बयान दिया कि उनकी शिकायत की जांच कराएंगे, तब सभी को यह लगने लगा कि कंवर फिलहाल इस मामले में शांत बैठ जाएंगे, मगर ऐसा नहीं हुआ और उन्होंने नवरात्रि के खत्म होने के बाद 4 अक्टूबर को सीएम निवास के सामने धरना प्रदर्शन का ऐलान कर दिया। इससे हलचल होना तय है।

सबसे अहम बात यह है कि सीएम द्वारा जांच के ऐलान के बाद न तो भाजपा संगठन के किसी पदाधिकारी ने और न ही सरकार की ओर से किसी प्रतिनिधि ने ननकी राम से मुलाकात की। वहीं जिन मुद्दों को लेकर कंवर ने शिकायत की है उसमें कलेक्टर द्वारा खुद के पाक साफ होने संबंधी प्रेस रिलीज जिला जनसंपर्क कार्यालय के जरिए जारी कराया जा रहा है। ऐसा करके कंवर के आरोपों को झूठा बताने का प्रयास किया जा रहा है। इससे उनकी नाराजगी कम होने की बजाय बढ़ती जा रही है। यही वजह है कि उन्होंने राजधानी में सीएम के निवास के समक्ष धरने पर बैठने का ऐलान कर दिया है। बहरहाल देखना यह है कि अब इस मामले में सत्ता और संगठन का क्या रुख सामने आता है।

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