टीआरपी डेस्क। नक्सल मोर्चे पर सुरक्षाबलों को लगातार बड़ी सफलताएं मिल रही हैं। शुक्रवार 3 जनवरी को बीजापुर और सुकमा जिलों में हुई अलग-अलग मुठभेड़ों में 14 नक्सली मारे गए। इसी बीच नक्सल संगठन को एक और बड़ा झटका देने वाली खबर सामने आई है।
माओवादियों की पीएलजीए बटालियन नंबर एक के कमांडर देवा बारसे के आत्मसमर्पण की सूचना है। बताया जा रहा है कि देवा बारसे अपने 20 से अधिक साथियों के साथ छत्तीसगढ़ के पड़ोसी राज्य तेलंगाना की राजधानी हैदराबाद पहुंचा और पुलिस के सामने हथियार डाल दिए।
सूत्रों के अनुसार, देवा बारसे पहले अपने साथियों के साथ तेलंगाना के मुलुगु जिले पहुंचा था, जहां से उसे हैदराबाद लाया गया। जहां उसने अपने साथियों के साथ सरेंडर किया।
नक्सली कमांडर बारसे देवा के समर्पण पर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा का बयान
रायपुर। नक्सली कमांडर बारसे देवा के समर्पण को लेकर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता थी कि उसका पुनर्वास छत्तीसगढ़ में हो, लेकिन यदि यह प्रक्रिया तेलंगाना में हो रही है तो वह भी स्वीकार्य है। उन्होंने स्पष्ट किया कि छत्तीसगढ़ सरकार की ओर से लगातार दबाव बनाया जा रहा था, जिसके परिणामस्वरूप बारसे देवा का मन परिवर्तन हुआ है।
उप मुख्यमंत्री ने बताया कि अब वह औपचारिक रूप से आत्मसमर्पण करेगा और यह पूरी प्रक्रिया मार्च 2026 के निर्धारित लक्ष्य के तहत आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि देश से नक्सलवाद रूपी नासूर समाप्त करने की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण कदम है और सरकार इस अभियान को निर्णायक अंजाम तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।



