टीआरपी डेस्क। देशभर में सूरज की तपिश अब जानलेवा होने लगी है। राजधानी दिल्ली समेत कई राज्यों में पारा रिकॉर्ड तोड़ रहा है। इस बीच मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने हीट वेव एक्शन प्लान 2026 की इमरजेंसी समीक्षा की है। सीएम ने सख्त लहजे में कहा है कि इस बार गर्मी से निपटने के लिए पुरानी रणनीति नहीं चलेगी, बल्कि वैज्ञानिक तरीके से लोगों की जान बचाई जाएगी। शासन ने साफ कर दिया है कि अगर लू का खतरा बढ़ा, तो प्रशासन सड़कों पर उतरकर मोर्चा संभालेगा।

दोपहर 12 से 3 बजे तक बाहरी काम पर नो एंट्री

मुख्यमंत्री ने सबसे बड़ा फैसला मजदूरों और फील्ड वर्क करने वालों के लिए लिया है। प्रदेश के सभी निर्माण स्थलों पर दोपहर 12:00 बजे से लेकर 3:00 बजे तक बाहरी कार्यों पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है। सूत्रों के मुताबिक, श्रम विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि वे साइट्स पर जाकर चेक करें कि मजदूरों को पीने का पानी, सिर ढकने के लिए टोपी और गमछा मिल रहा है या नहीं। उल्लंघन करने वाले ठेकेदारों पर कड़ी कार्रवाई की तैयारी है।

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स्कूली बच्चों के लिए ORS कवच और अस्पतालों में कूल रूम

नौनिहालों को लू से बचाने के लिए सरकार ने अनोखी पहल की है। सीएम ने निर्देश दिया है कि छुट्टी होने से पहले सभी बच्चों को स्कूल में ही ORS का घोल पिलाया जाएगा, ताकि घर जाते समय उन्हें डिहाइड्रेशन न हो। इसके अलावा, स्वास्थ्य विभाग ने प्रदेश के सभी 13 जिलों के अस्पतालों को अलर्ट मोड पर डाल दिया है। राजधानी के बड़े अस्पतालों में विशेष 5-बेड वाले कूल रूम’ तैयार किए गए हैं, जहां लू की चपेट में आए मरीजों का तुरंत इलाज होगा।

9,000 मेगावाट बिजली की मांग, कटौती पर गिरेगी गाज

इस बार गर्मी इतनी भीषण है कि बिजली की डिमांड 9,000 मेगावाट के पार जाने का अनुमान है, जो पिछले साल के मुकाबले काफी ज्यादा है। सीएम ने बिजली कंपनियों के अफसरों को दो टूक कह दिया है कटौती किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं होगी। खासकर रात के वक्त और अस्पतालों के फीडर्स पर निर्बाध सप्लाई सुनिश्चित करने को कहा गया है।

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पशु-पक्षियों का भी रखा ख्याल, ISBT की छतें होंगी ठंडी

इंसानों के साथ-साथ बेजुबान पशु-पक्षियों के लिए भी मोहल्लों और चौराहों पर पानी के बर्तन रखने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं, कूल रूफ पॉलिसी के तहत बस अड्डों और सरकारी भवनों की छतों पर रिफ्लेक्टिव कोटिंग की जा रही है, जिससे बिल्डिंग के अंदर का तापमान 4-5 डिग्री तक कम रहेगा।