रायपुर। राजधानी रायपुर के माना परेड ग्राउंड में आज एक बड़ा धमाका हुआ। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने हरी झंडी दिखाकर 400 नई चमचमाती डायल 112 गाड़ियों को रवाना किया। अब पूरे प्रदेश में नेक्स्ट जेन CG Dial 112 सेवा शुरू हो गई है। इसका मतलब है कि अब मुसीबत के समय पुलिस और मदद आपकी चौखट पर बेहद कम समय में पहुंच जाएगी।
एक्के नंबर सब्बो बर की नई ताकत
इस नई व्यवस्था को छत्तीसगढ़ी में एक बढ़िया नाम दिया गया है एक्के नंबर सब्बो बर। इसका सीधा मतलब है कि अब आपको अलग-अलग दिक्कतों के लिए अलग-अलग नंबर याद रखने की जरूरत नहीं है। चाहे कोई सड़क दुर्घटना हो, अचानक लगी आग हो या फिर कोई मेडिकल इमरजेंसी, बस 112 घुमाइए और मदद हाजिर।
रायपुर मुख्यालय के सूत्रों से पता चला है कि इन गाड़ियों को राज्य के सभी जिलों में बराबर बांटा जाएगा। पहले यह सेवा कुछ ही चुनिंदा बड़े शहरों तक सीमित थी। अब गांव-देहात के लोगों को भी इसका पूरा फायदा मिलेगा। सरकार का दावा है कि इससे लोगों का पुलिस पर भरोसा और मजबूत होगा।
जीपीएस और कैमरों से लैस हैं ये हाई-टेक गाड़ियां
मैदान में उतारी गईं ये 400 गाड़ियां कोई साधारण गाड़ियां नहीं हैं। ये पूरी तरह से हाई-टेक और अत्याधुनिक उपकरणों से लैस हैं। इनमें जीपीएस ट्रैकिंग सिस्टम लगा है, जिससे कंट्रोल रूम को गाड़ी की लाइव लोकेशन मिलती रहेगी।
गाड़ियों में ये खास चीजें शामिल हैं
- लाइव रिकॉर्डिंग के लिए हाई-रिज़ॉल्यूशन वाले कैमरे।
- बिना रुके बात करने के लिए एडवांस कम्युनिकेशन सिस्टम।
- फर्स्ट-एड और शुरुआती राहत के लिए जरूरी मेडिकल किट।
रायपुर में बना चौबीसों घंटे चलने वाला कंट्रोल रूम
इस पूरी व्यवस्था को संभालने के लिए रायपुर में एक बड़ा और आधुनिक कमांड एंड कंट्रोल सेंटर भी तैयार किया गया है। यह सेंटर 24 घंटे और सातों दिन चालू रहेगा। जैसे ही कोई पीड़ित फोन करेगा, इस सेंटर से तुरंत नजदीकी गाड़ी को मैसेज भेज दिया जाएगा।
इससे पुलिस का रिस्पॉन्स टाइम बहुत कम हो जाएगा। अब शहर हो या बस्तर और सरगुजा के अंदरूनी इलाके, हर जगह पुलिस की पहुंच तेज होगी। गृह विभाग के अफसरों का कहना है कि यह छत्तीसगढ़ में सुशासन और स्मार्ट पुलिसिंग की दिशा में अब तक का सबसे बड़ा कदम है।



