भिलाई। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मिलने वाली रकम लेकर मकान नहीं बनाने वाले 806 हितग्राहियों पर दुर्ग जिला प्रशासन का चाबुक चलने वाला है। पैसा खाते में आने के बाद भी जिन्होंने एक ईंट तक नहीं रखी, अब उन्हें नोटिस भेजकर राजस्व वसूली यानी RRC की कार्रवाई की जाएगी। जिला पंचायत सीईओ बजरंग दुबे ने दो टूक कहा है कि 7 दिन में काम शुरू करो, वरना कुर्की के लिए तैयार रहो।
पैसे लिए, मकान भूले
समीक्षा बैठक में खुलासा हुआ कि वित्तीय वर्ष 2024-25 और 2025-26 में 806 लोगों के खाते में पीएम आवास की पहली किस्त भेज दी गई थी। मगर महीनों बाद भी निर्माण शुरू नहीं हुआ। शिकायतें तो यहां तक मिलीं कि कई हितग्राहियों ने सरकारी पैसे से घर का काम छोड़कर निजी जरूरतें पूरी कर लीं।
इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए सीईओ ने सभी जनपद CEO को आदेश दिया है कि डिफाल्टरों को तुरंत नोटिस थमाएं और एक हफ्ते में RRC प्रकरण दर्ज करें।
20 दिन में सिर्फ 284 घर पूरे, अफसरों को फटकार
बैठक में निर्माण की सुस्त रफ्तार पर भी सीईओ भड़क गए। पिछले 20 दिन में पूरे दुर्ग जिले में सिर्फ 284 आवास ही कंप्लीट हुए हैं। जबकि 31 मई तक 1084 मकान पूरे करने का टारगेट है।
31 मई तक पूरा करने का लक्ष्य
दुर्ग 483 आवास
पाटन 427 आवास
धमधा 174 आवास
सीईओ ने साफ कहा है कि टाइमलाइन से कोई समझौता नहीं होगा। हर जनपद अपनी जवाबदेही तय करे।प्रशासन का मैसेज साफ है। सरकारी पैसा लिया है तो काम दिखाना पड़ेगा, वरना कार्रवाई के लिए तैयार रहिए।


