टीआरपी डेस्क। महाराष्ट्र में मानसून की दस्तक के साथ ही भारी तबाही का दौर शुरू हो गया है। राज्य के 4 प्रमुख जिलों मुंबई, ठाणे, पालघर और रायगढ़ में मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है। रेड अलर्ट का मतलब होता है कि वहां बहुत ज्यादा भारी बारिश होने वाली है और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहना चाहिए। अकेले मुंबई में पिछले 24 घंटे के भीतर 172 मिलीमीटर बारिश दर्ज की जा चुकी है। पानी भरने से सड़कों पर लंबा जाम लग गया है और आम जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है।
समुद्र में उठेंगी 15 फीट ऊंची लहरें
बृहन्मुंबई म्यूनिसिपल कॉर्पोरेशन यानी बीएमसी ने गुरुवार दोपहर को लेकर एक बड़ी चेतावनी जारी की है। मुंबई की स्थानीय नगर निगम संस्था बीएमसी के मुताबिक दोपहर के समय समुद्र में करीब 15 फीट ऊंची लहरें उठ सकती हैं। इस खतरे को देखते हुए प्रशासन ने स्थानीय लोगों और पर्यटकों को समुद्र तटों से पूरी तरह दूर रहने की सलाह दी है। इसी बीच मुंबई के साकीनाका इलाके से एक दर्दनाक हादसा सामने आया है। यहां तेज बारिश के दौरान सड़क पर पानी भरा होने के कारण एक व्यक्ति खुले हुए मैनहोल यानी गटर के बड़े गढ्ढे में गिर गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
दिल्ली और राजस्थान में भी पहुंचा मानसून
काफी इंतजार के बाद मानसून ने देश की राजधानी दिल्ली और राजस्थान में भी एंट्री ले ली है। हालांकि इस बार मानसून अपने तय समय से थोड़ा लेट है। इसने 7 दिन की देरी से राजस्थान में और 5 दिन की देरी से दिल्ली में दस्तक दी है। दिल्ली में गुरुवार सुबह से ही लगातार तेज बारिश हो रही है जिससे मौसम तो सुहाना हो गया है लेकिन निचले इलाकों में पानी भर गया है। वहीं राजस्थान के जयपुर और दौसा समेत 25 जिलों में मौसम विभाग ने भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
इंदौर में नाले में गिरी कार, केदारनाथ यात्रा पर लगी रोक
मध्य प्रदेश और उत्तराखंड में भी बारिश आफत बनकर बरस रही है। मध्य प्रदेश के इंदौर में भारी जलभराव के कारण एक कार अनियंत्रित होकर सीधे नाले में जा गिरी। वहीं सीहोर जिले में सड़क पर पानी का बहाव इतना तेज था कि उसमें कुछ मोटरसाइकिलें तिनके की तरह बह गईं। दूसरी तरफ उत्तराखंड में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश और खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन ने एहतियात के तौर पर प्रसिद्ध केदारनाथ यात्रा को बीच में ही रोक दिया है ताकि श्रद्धालुओं को किसी तरह का नुकसान न हो।
बिहार और यूपी में बिजली गिरने से 8 लोगों की मौत
उत्तर भारत के राज्यों में बारिश के साथ-साथ आकाशीय बिजली का कहर भी देखने को मिला है। बिहार और उत्तर प्रदेश में बिजली गिरने के कारण 3-3 लोगों की जान चली गई है, जबकि झारखंड में भी 2 लोगों की मौत की खबर है। उत्तर प्रदेश के ललितपुर जिले में तो हालात इतने खराब हो गए कि भारी बारिश का पानी रेलवे स्टेशन के वेटिंग हॉल यानी यात्रियों के ठहरने वाले कमरे और जीआरपी थाने के भीतर तक घुस गया, जिससे पुलिसकर्मियों और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।



