महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप मामले के प्रमुख आरोपी सौरभ चंद्राकर को ओमान में गिरफ्तार किए जाने की खबर है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, भारतीय जांच एजेंसियों की ओर से जारी इंटरपोल के रेड नोटिस के आधार पर रॉयल ओमान पुलिस ने यह कार्रवाई की है। हालांकि इंटरपोल और भारत सरकार की ओर इस मामले में अधिकारिक बयान सामने नहीं आएं हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, सौरभ चंद्राकर पर फर्जी इंडोनेशियाई पासपोर्ट के जरिए ओमान में प्रवेश करने का आरोप है। वह पिछले कुछ समय से संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) में रह रहा था। गिरफ्तारी के बाद उसे मस्कट स्थित हाई-सिक्योरिटी अल खौद डिटेंशन सेंटर में रखा गया है।
अवैध रूप से प्रवेश का मामला दर्ज
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, चंद्राकर के खिलाफ फर्जी पासपोर्ट के इस्तेमाल और अवैध रूप से ओमान में प्रवेश करने का मामला दर्ज किया गया है। बताया जा रहा है कि उसने अपनी कानूनी पैरवी के लिए मस्कट में वकीलों की एक टीम भी नियुक्त की है।
बता दें कि वर्ष 2024 में भी इंटरपोल रेड नोटिस के आधार पर यूएई में सौरभ चंद्राकर को हिरासत में लिया गया था। हालांकि, बाद में उसे रिहा कर दिया गया था और भारत का प्रत्यर्पण अनुरोध अमल में नहीं आ सका था।
अब तक 175 से अधिक स्थानों पर तलाशी अभियान
महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप मामले में ईडी और सीबीआई कथित अवैध ऑनलाइन सट्टेबाजी, मनी लॉन्ड्रिंग और वित्तीय लेन-देन की जांच कर रहे हैं। ईडी के अनुसार, महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप मामले में अब तक 175 से अधिक स्थानों पर तलाशी अभियान चलाए जा चुके हैं।
एजेंसी ने 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया है तथा 74 लोगों को आरोपी बनाया है। रायपुर की विशेष पीएमएलए अदालत में पांच अभियोजन शिकायतें भी दाखिल की जा चुकी हैं। जांच एजेंसी के मुताबिक, मामले में अब तक लगभग 4,336 करोड़ रुपए की चल एवं अचल संपत्तियां अटैच, सीज या फ्रीज की जा चुकी हैं।


