Gold Silver Price Today: सोने-चांदी की कीमतों में शुक्रवार, 7 अगस्त को जोरदार तेजी देखने को मिली। अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 4,400 डॉलर प्रति औंस और चांदी 65 डॉलर प्रति औंस के पार पहुंच गई। इसका असर भारतीय बाजार पर भी दिखा।
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोना 3,722 रुपये और चांदी 9,644 रुपये तक महंगी हुई। यानी सोना खरीदने वालों के लिए कीमत बढ़ी, जबकि पहले से सोना-चांदी रखने वालों की बाजार कीमत में इजाफा हुआ।
MCX पर सोने का भाव कहां पहुंचा?
अक्टूबर डिलीवरी वाला सोना 3,722 रुपये की तेजी के साथ 1,52,580 रुपये प्रति 10 ग्राम के दिन के उच्च स्तर पर पहुंच गया। हालांकि, खबर लिखे जाने तक सोना 1.82 फीसदी की तेजी के साथ 1,51,572 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था।
चांदी भी 9,600 रुपये से ज्यादा महंगी
चांदी में भी तेज खरीदारी देखने को मिली। सितंबर डिलीवरी वाली चांदी 9,644 रुपये की बढ़त के साथ 2,35,480 रुपये प्रति किलोग्राम के दिन के उच्च स्तर पर पहुंच गई। खबर लिखे जाने तक चांदी 2.14 फीसदी की तेजी के साथ 2,30,677 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार कर रही थी।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी जोरदार तेजी
कोटक सिक्योरिटी की एवीपी (रिसर्च) के अनुसार, शुक्रवार को कॉमेक्स पर सोना करीब 4,450 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गया। इससे एक दिन पहले गुरुवार को सोना 4,303 डॉलर प्रति औंस के सात सप्ताह के उच्च स्तर पर पहुंचा था। वहीं चांदी करीब 3.5 फीसदी की तेजी के साथ 62 डॉलर प्रति औंस के ऊपर कारोबार कर रही थी। दोनों कीमती धातुएं जनवरी के बाद अपने सबसे मजबूत साप्ताहिक प्रदर्शन की ओर बढ़ रही थीं।
मिडिल ईस्ट से आई राहत की खबर का असर
सोने और चांदी में तेजी के बीच मिडिल ईस्ट तनाव से जुड़ी घटनाओं का भी असर बाजार पर दिखाई दिया। ईरान-अमेरिका से राहत की खबर आने के साथ ही निवेशकों का रुख कीमती धातुओं की ओर मजबूत हुआ।बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और अमेरिकी डॉलर के कमजोर होने से भी सोने-चांदी को सहारा मिला।
स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज को लेकर चिंता कम होने से मिला सहारा
स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज से जहाजों की आवाजाही को लेकर समझौते की उम्मीद बढ़ने से सप्लाई बाधित होने की आशंका कम हुई। इससे कच्चे तेल की कीमतों पर दबाव आया। हालांकि, इससे पहले गुरुवार को ईरान की संसद की ओर से इस जलमार्ग से गुजरने वाले “विरोधी” देशों के जहाजों पर संभावित प्रतिबंध की समीक्षा की खबर सामने आई थी। इससे महंगाई को लेकर चिंता बढ़ी थी। इसके बाद बाजार में मुनाफावसूली भी देखने को मिली।
आम लोगों के लिए इसका क्या मतलब?
सोने और चांदी की कीमत बढ़ने का सीधा असर उन लोगों पर पड़ता है जो आभूषण या निवेश के लिए इन धातुओं को खरीदना चाहते हैं। ऊंची कीमत का मतलब है कि समान मात्रा में सोना या चांदी खरीदने के लिए पहले से ज्यादा पैसा खर्च करना होगा। दूसरी ओर, जिन लोगों के पास पहले से सोना या चांदी है, उनकी होल्डिंग की मौजूदा बाजार कीमत बढ़ती है। हालांकि, आगे कीमत किस दिशा में जाएगी, यह अंतरराष्ट्रीय बाजार, डॉलर, कच्चे तेल और भू-राजनीतिक घटनाक्रम समेत कई कारकों पर निर्भर करेगा।
FAQs
1. 7 अगस्त 2026 को सोने का भाव कितना रहा?
अक्टूबर डिलीवरी वाला सोना 1,52,580 रुपये प्रति 10 ग्राम के दिन के उच्च स्तर तक पहुंचा। खबर लिखे जाने तक यह 1,51,572 रुपये पर कारोबार कर रहा था।
2. चांदी कितनी महंगी हुई?
सितंबर डिलीवरी वाली चांदी 9,644 रुपये बढ़कर 2,35,480 रुपये प्रति किलोग्राम के दिन के उच्च स्तर तक पहुंची।
3. सोने-चांदी की कीमतों में तेजी क्यों आई?
कच्चे तेल की कीमतों में नरमी, अमेरिकी डॉलर के कमजोर होने और मिडिल ईस्ट से जुड़ी राहत की खबरों ने बाजार को सहारा दिया।
4. अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना कितना महंगा हुआ?
शुक्रवार को कॉमेक्स पर सोना करीब 4,450 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच गया।
5. सोने की कीमत बढ़ने का आम लोगों पर क्या असर है?
नई खरीदारी करने वालों को समान मात्रा में सोना खरीदने के लिए ज्यादा पैसा खर्च करना होगा। वहीं मौजूदा सोना रखने वालों की होल्डिंग की बाजार कीमत बढ़ती है।


