अंबिकापुर/नई दिल्ली। CG News: छत्तीसगढ़ के सरगुजा में हसदेव अरण्य स्थित परसा कोल ब्लॉक खनिज परियोजना पर सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगाने से इनकार कर दिया है। कोर्ट ने कहा है कि विकास के रास्ते में न आएं।

CG News: बता दें कि परसा कोल ब्लॉक के आदिवासी भू-विस्थापितों ने शुक्रवार को याचिका दायर की थी। इस पर मंगलवार को जस्टिस बीआर गवई और जस्टिस विक्रम नाथ की बेंच में सुनवाई हुई। बेंच ने किसी भी तरह की अंतरिम राहत देने से इनकार कर दिया।

CG News: साथ ही स्पष्ट किया कि, परसा कोयला ब्लॉक के लिए भूमि अधिग्रहण को चुनौती देने वाली लंबित याचिकाओं को खनन के खिलाफ किसी भी तरह के प्रतिबंध के रूप में नहीं माना जाएगा।

CG News: बेंच ने कहा कि, ‘हम विकास के रास्ते में नहीं आना चाहते हैं और हम इस पर बहुत स्पष्ट हैं। हम कानून के तहत आपके अधिकारों का निर्धारण करेंगे लेकिन विकास की कीमत पर नहीं।’

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CG News: कोर्ट ने ये भी कहा कि, ‘अंतरिम राहत से इनकार किया जाता है। हम स्पष्ट करते हैं कि इन अपीलों का लंबित रहना परियोजना के रास्ते में नहीं आएगा। कोर्ट अपीलकर्ताओं की ओर से तर्कों में ठोस पाता है तो क्षतिपूर्ति के लिए निर्देशित किया जा सकता है।

स्वीकृति रद्द होने तक जारी रहेगा आंदोलन

CG News: इधर हसदेव अरण्य बचाओ संघर्ष समिति के संयोजक उमेश्वर आर्मो ने कहा कि राज्य सरकार ने परसा खदान की वन स्वीकृति को निरस्त करने केंद्रीय पर्यावरण एवं वन मंत्रालय को पत्र लिखा है। इसमें जन आक्रोश की बात है, लेकिन फर्जी ग्राम सभा और पर्यावरणीय चिंताओं के कोई उल्लेख नहीं किया। वे स्वयं ही अंतिम वन स्वीकृति निरस्त कर सकते हैं। जब तक सभी खदानें आधिकारिक रूप से निरस्त नहीं कि जाती, आंदोलन जारी रहेगा।

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।