टेक डेस्क। Apple अपने नए iPhone के रंग को लेकर विवाद में है। कई यूजर्स ने दावा किया है कि उनका कॉस्मिक ऑरेंज iPhone कुछ दिनों में पिंक या रोज़ गोल्ड जैसा दिखने लगा है। ये शिकायतें लगातार Reddit और X पर आ रही हैं, जहां लोगों ने तस्वीरों के साथ अपने अनुभव साझा किए हैं।

सबसे पहले Reddit यूजर DakAttack316 ने पोस्ट किया था कि उनके iPhone 17 Pro Max का रंग बिना किसी असामान्य इस्तेमाल के ही गुलाबी पड़ गया। इसके बाद दर्जनों यूजर्स ने भी यही समस्या बताई। दिलचस्प बात यह है कि फोन का ग्लास बैक अपनी जगह ठीक रहता है, लेकिन एल्युमिनियम फ्रेम और कैमरा प्लेटू का रंग हल्का गुलाबी हो जाता है, खासकर धूप में। कुछ यूजर्स का कहना है कि फोन को Apple के क्लियर केस में रखने के बावजूद ये बदलाव हुआ।

इसके बाद, कई अन्य लोगों ने भी इसी तरह के अनुभव शेयर किए हैं। ज्यादातर का कहना है कि ग्लास बैक पैनल अपने ओरिजनल कलर में ही बना हुआ है, लेकिन एनोडाइज्ड एल्युमीनियम फ्रेम और कैमरा प्लेटू धीरे-धीरे गुलाबी रंग में बदल गए हैं, जो दिन के उजाले में सबसे ज्यादा दिखाई देता है। एक यूजर ने तो यहां तक कहा कि उनके फोन का कैमरा वाला हिस्सा, सिर्फ चार दिनों के इस्तेमाल के बाद, बाकी फ्रेम के मुकाबले ज्यादा गहरा दिखाई देने लगा, जबकि वह ऐप्पल के ऑफिशियल क्लियर केस में रखा हुआ था।

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कंपनी के आधिकारिक निर्देशों में लिखा है, 70 प्रतिशत आइसोप्रोपिल अल्कोहल वाइप, 75 प्रतिशत एथिल अल्कोहल वाइप, या क्लोरॉक्स डिसइन्फेक्टिंग वाइप्स का इस्तेमाल करके, आप अपने आईफोन की बाहरी सतहों को हल्के हाथों से पोंछ सकते हैं। ब्लीच या हाइड्रोजन पेरोक्साइड युक्त उत्पादों का इस्तेमाल न करें। किसी भी छिद्र में नमी आने से बचें, और अपने आईफोन को किसी भी क्लीनिंग एजेंट में न डुबोएं। कीटाणुरहित करने के बाद, एक मुलायम, थोड़े नम (पानी से) और लिंट-फ्री कपड़े से पोंछ लें।

ऐप्पल ने यह जानकारी नहीं दी कि कंपनी ने पेरोक्साइड पर प्रतिबंध क्यों लगाया गया है, लेकिन मटेरियल एक्सपर्ट्स का कहना है कि एनोडाइज्ड एल्युमीनियम कोटिंग्स तेज ऑक्सीडाइजर के प्रति संवेदनशील हो सकती हैं। एनोडाइजिंग प्रक्रिया में एक छिद्रयुक्त ऑक्साइड परत बनाई जाती है जिसमें कलरफुल डाई मिलाए जाते हैं और फिर सील कर दिया जाता है, जिससे आईफोन को उसकी विशिष्ट कलर डेप्थ मिलती है। लेकिन अगर वह ऑक्साइड परत क्षतिग्रस्त हो जाती है या अगर समय के साथ यूवी लाइट कलर को तोड़ देता है, तो रंग बदल सकता है। दूसरे शब्दों में, कॉस्मिक ऑरेंज फिनिश अपने आप में थोड़ी अधिक कॉस्मिक हो सकती है।

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दिलचस्प बात यह है कि आईफोन 17 प्रो के अन्य कलर वेरिएंट, साथ ही आईफोन 15 और 16 प्रो सीरीज के टाइटेनियम और ग्लास फिनिश मॉडल में ऐसी समस्या नहीं है। Apple ने इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है, लेकिन रिपोर्ट्स के मुताबिक, कुछ यूजर्स को कंपनी ने जांच के बाद उनके डिवाइस बदलकर दिए हैं। इससे संकेत मिलता है कि मामला भले छोटा हो, पर Apple इसे गंभीरता से ले रहा है।