टीआरपी। भारत सरकार के ग्रामीण विकास राज्य मंत्री कमलेश पासवान 13 और 14 मई 2026 को छत्तीसगढ़ के दो दिवसीय दौरे पर रहेंगे। इस प्रवास के दौरान वे केंद्र सरकार की प्रमुख ग्रामीण योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करेंगे और सीधे पंचायत प्रतिनिधियों व महिला स्व-सहायता समूहों से संवाद करेंगे।
यह दौरा छत्तीसगढ़ के ग्रामीण इलाकों में चल रही प्रधानमंत्री आवास, मनरेगा और सड़क योजनाओं की जमीनी हकीकत जानने के लिए अहम है। केंद्रीय मंत्री की समीक्षा से योजनाओं में तेजी आएगी और विकास कार्यों के लिए नए दिशा-निर्देश प्राप्त होंगे, जिसका सीधा लाभ राज्य के लाखों ग्रामीणों को मिलेगा।
विकास योजनाओं की जमीनी समीक्षा
केंद्रीय मंत्री पासवान 13 मई को रायपुर में राज्य स्तरीय अधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक लेंगे। इस बैठक में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई), मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण, और राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स के क्रियान्वयन की विस्तृत समीक्षा की जाएगी। अधिकारियों को लक्ष्यों को समय पर पूरा करने और पारदर्शिता बरतने के निर्देश दिए जा सकते हैं।
अपने प्रवास के दूसरे दिन, यानी 14 मई को, मंत्री महोदय फील्ड विजिट करेंगे। वे ग्रामीण विकास के नवाचारों का अवलोकन करेंगे और स्व-सहायता समूहों की महिलाओं से मुलाकात कर उनकी समस्याओं और सफलताओं पर चर्चा करेंगे। इसके अलावा, ग्राम पंचायतों में चल रही गतिविधियों को लेकर जनप्रतिनिधियों के साथ एक संगोष्ठी का भी आयोजन प्रस्तावित है।
मुख्य तथ्य
तारीख: 13 एवं 14 मई 2026 को दो दिवसीय प्रवास।
फोकस योजनाएं: पीएम आवास, मनरेगा, डीडीयू-जीकेवाई और सामाजिक सहायता कार्यक्रम।
संवाद: पंचायत प्रतिनिधियों और स्व-सहायता समूहों के साथ सीधा संवाद सत्र।
केंद्रीय मंत्री की इस समीक्षा बैठक के बाद छत्तीसगढ़ में ग्रामीण अधोसंरचना और रोजगार गारंटी योजनाओं में नए आवंटन या सुधार की उम्मीद जताई जा रही है। बैठक की रिपोर्ट सीधे केंद्र सरकार को भेजी जाएगी, जिससे आने वाले महीनों में राज्य को अतिरिक्त वित्तीय सहायता मिल सकती है।


