AAP Chhattisgarh Uttam Jaiswal resignation: छत्तीसगढ़ में बिखर रहा तीसरा मोर्चा? AAP के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष उत्तम जायसवाल ने दिया इस्तीफा, बताई बड़ी वजह
AAP Chhattisgarh Uttam Jaiswal resignation: छत्तीसगढ़ में बिखर रहा तीसरा मोर्चा? AAP के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष उत्तम जायसवाल ने दिया इस्तीफा, बताई बड़ी वजह

टीआरपी न्यूज/रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में तीसरे मोर्चे के तौर पर अपनी जगह बनाने की कोशिश कर रही आम आदमी पार्टी (AAP) को बड़ा झटका लगा है। पार्टी के प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष उत्तम जायसवाल ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपना इस्तीफा पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और छत्तीसगढ़ प्रभारी मुकेश अहलावत को भेजा है।

इस्तीफे के साथ उत्तम जायसवाल ने पार्टी की मौजूदा कार्यप्रणाली को लेकर कई गंभीर सवाल भी उठाए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपना इस्तीफा पोस्ट करते हुए पार्टी के दिशाहीन होने, प्रदेश संगठन की राय की अनदेखी और राष्ट्रीय स्तर पर लिए जा रहे फैसलों को लेकर नाराजगी जाहिर की है।

प्रदेश संगठन और जमीनी कार्यकर्ताओं की राय नजरअंदाज करने का आरोप

उत्तम जायसवाल ने आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ में पार्टी का आंतरिक संवाद कमजोर हुआ है। उनका कहना है कि संगठन से जुड़े महत्वपूर्ण फैसलों में प्रदेश पदाधिकारियों और जमीनी कार्यकर्ताओं की राय को पर्याप्त महत्व नहीं दिया जा रहा है।

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उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली से आने वाले कुछ लोगों की पसंद-नापसंद के आधार पर फैसले लिए जा रहे हैं। इससे प्रदेश संगठन में असंतोष और कार्यकर्ताओं में निराशा बढ़ रही है।

जायसवाल के मुताबिक, किसी भी राजनीतिक दल की असली ताकत उसके बड़े पदाधिकारी नहीं, बल्कि जमीन पर लगातार काम करने वाले कार्यकर्ता होते हैं। यदि कार्यकर्ताओं का सम्मान और भरोसा खत्म हो जाए तो संगठन की मजबूती सिर्फ कागजों तक सीमित रह जाती है।

2023 विधानसभा चुनाव के अनुभवों से सबक नहीं लिया सबक

अपने इस्तीफे में उत्तम जायसवाल ने 2023 छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव का भी हवाला दिया। उन्होंने कहा कि उस समय पार्टी के कई पुराने और संघर्षशील कार्यकर्ताओं ने खुद को उपेक्षित और अपमानित महसूस किया था।

जायसवाल ने कहा कि उन्हें उम्मीद थी कि पार्टी पिछले अनुभवों से सबक लेकर अपनी कार्यप्रणाली में बदलाव करेगी। हालांकि, उनके मुताबिक आगामी राजनीतिक और चुनावी तैयारियों में भी परिस्थितियां उसी दिशा में जाती हुई दिखाई दे रही हैं।

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‘केवल पद पर बने रहना मेरे लिए राजनीति नहीं’

उत्तम जायसवाल ने स्पष्ट किया कि उनका इस्तीफा किसी व्यक्ति विशेष के विरोध या व्यक्तिगत नाराजगी का परिणाम नहीं है। उन्होंने इसे लंबे राजनीतिक अनुभव और पार्टी की मौजूदा कार्यप्रणाली से पैदा हुई निराशा बताया है।

उन्होंने कहा कि केवल पद पर बने रहना उनके लिए राजनीति नहीं है। पद से ज्यादा उनके लिए आत्मसम्मान, संघर्ष और वर्षों से साथ खड़े कार्यकर्ताओं का सम्मान महत्वपूर्ण है। जायसवाल ने यह भी कहा कि वह पद छोड़ रहे हैं, लेकिन आत्मसम्मान, सिद्धांत और छत्तीसगढ़ के हित में उनका संघर्ष जारी रहेगा।

चुनावी तैयारियों के बीच AAP को झटका

उत्तम जायसवाल का इस्तीफा ऐसे समय हुआ है, जब आम आदमी पार्टी छत्तीसगढ़ में संगठन को मजबूत करने और आगामी राजनीतिक चुनौतियों की तैयारी में जुटी है।

ऐसे में प्रदेश के प्रमुख पदाधिकारी का इस्तीफा पार्टी के लिए संगठनात्मक और राजनीतिक, दोनों लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इस्तीफे के बाद छत्तीसगढ़ में आम आदमी पार्टी की आगे की रणनीति और प्रदेश संगठन की दिशा को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।

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क्या छत्तीसगढ़ में कमजोर हो रहा तीसरा मोर्चा?

छत्तीसगढ़ की राजनीति में आम आदमी पार्टी ने खुद को कांग्रेस और भाजपा के अलावा एक विकल्प के तौर पर स्थापित करने की कोशिश की है। लेकिन प्रदेश संगठन के भीतर उठ रही असंतोष की आवाजें पार्टी के सामने चुनौती बढ़ा सकती हैं। उत्तम जायसवाल के इस्तीफे के बाद अब देखना होगा कि पार्टी नेतृत्व प्रदेश संगठन और कार्यकर्ताओं के बीच बढ़ती दूरी को कैसे पाटता है।