Crackdown on electricity thieves: बकाया बिल नहीं देने पर बिजली विभाग ने कनेक्शन काट दिया, फिर भी लोग चोरी की बिजली जलाते रहे। ऐसे उपभोक्ताओं के खिलाफ अब विभाग सख्त हो गया है। बलौदाबाजार विद्युत संभाग में चलाए गए सघन चेकिंग अभियान में 176 संदिग्ध ठिकानों की जांच में 57 परिसरों में सीधे बिजली चोरी का मामला पकड़ा गया है।
मुख्य अभियंता ए.के. लाखेड़ा (रायपुर ग्रामीण क्षेत्र) के निर्देश पर 14 विशेष सतर्कता टीमों का गठन किया गया था। इन टीमों ने उन उपभोक्ताओं को टारगेट किया जिनके कनेक्शन बिल न भरने के कारण पहले ही काटे जा चुके थे।
सीधे हुकिंग कर बिजली का उपयोग
जांच में खुलासा हुआ कि उपभोक्ता मीटर को बायपास कर मुख्य सर्विस वायर से सीधे हुकिंग कर अनधिकृत बिजली का उपयोग कर रहे थे।
अधीक्षण अभियंता जी.पी. अनंत ने बताया कि ऐसे मामलों में विद्युत अधिनियम की धारा 135 और 138 के तहत थाने में FIR दर्ज कराई जा रही है और आगे विशेष न्यायालय में मुकदमा चलेगा। राजस्व वसूली के लिए अभियान लगातार जारी रहेगा।
आंकड़ों में बकाया – 31.15 करोड़ का बिल पेंडिंग
विभाग के अनुसार अगस्त 2026 तक बलौदाबाजार संभाग में कुल 31.15 करोड़ रुपये का बिजली बिल बकाया है।
- घरेलू उपभोक्ता: 9.42 करोड़
- गैर घरेलू (कमर्शियल): 3.63 करोड़
- BPL श्रेणी: 1.61 करोड़
इससे पहले 19 सितंबर को हुए अभियान में 176 कनेक्शनों में से 85 जगह चोरी पकड़ी गई थी, जिसमें 15 गंभीर मामलों को विशेष न्यायालय में पेश किया गया, बाकी से क्षतिपूर्ति राशि वसूली गई थी।
FAQ: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Q1. बलौदाबाजार में कितनी जगह बिजली चोरी पकड़ी गई?
176 संदिग्ध ठिकानों की जांच में 57 परिसरों में सीधे बिजली चोरी का मामला सामने आया है।
Q2. ये लोग कैसे चोरी कर रहे थे?
जिनका कनेक्शन बकाया के कारण काटा जा चुका था, वे मीटर को बायपास कर मुख्य सर्विस वायर से हुकिंग कर सीधे बिजली जला रहे थे।
Q3. विभाग क्या कार्रवाई कर रहा है?
विद्युत अधिनियम की धारा 135 और 138 के तहत थाने में FIR दर्ज कराई जा रही है और मामला विशेष न्यायालय में पेश होगा। अभियान आगे भी जारी रहेगा।
Q4. बलौदाबाजार में कितना बिजली बिल बकाया है?
अगस्त 2026 तक कुल 31.15 करोड़ रुपये बकाया है, जिसमें घरेलू पर 9.42 करोड़, कमर्शियल पर 3.63 करोड़ और BPL पर 1.61 करोड़ बकाया है।



