Uproar over social media post: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में शुक्रवार देर रात खपरगंज इलाके में एक आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट के बाद माहौल बिगड़ गया। देखते ही देखते दो गुट आमने-सामने आ गए और जमकर पथराव शुरू हो गया। इस हिंसक झड़प में तारबाहर थाना प्रभारी हरिशंकर तिवारी समेत कई पुलिसकर्मी घायल हो गए, जिसके बाद पुलिस को भीड़ को काबू करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार विवाद की शुरुआत युवाओं के बीच व्यक्तिगत कहासुनी और मारपीट से हुई। इसी दौरान एक युवक पर पत्थर फेंके जाने के बाद उसके साथियों के पहुंचने से विवाद बढ़ गया। इसी बीच सोशल मीडिया पर एक आपत्तिजनक पोस्ट वायरल हुई, जिसे कुछ लोगों ने सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश की।

रात 8 से 9 बजे के बीच कोतवाली इलाके में शुरू हुआ यह विवाद, जब शहर के अलग-अलग हिस्सों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे तो सैकड़ों की भीड़ में तब्दील हो गया। दोनों पक्षों की ओर से जमकर पथराव किया गया।

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दुकानों, वाहनों और पुलिस की गाड़ियों में तोड़फोड़

पथराव में आसपास की दुकानों और मकानों को नुकसान पहुंचा। सड़क किनारे खड़े वाहनों के शीशे तोड़े गए। सिटी कोतवाली परिसर में खड़ी गाड़ियों के साथ-साथ कलेक्टर के वाहन और डायल-112 वाहन को भी क्षति पहुंचाई गई।

भीड़ को नियंत्रित करने पहुंची पुलिस पर भी हमला किया गया। आरक्षक सोनू पाल के होंठ पर गंभीर चोट आई है। घायल जवानों को तुरंत अस्पताल ले जाया गया। पुलिस ने पहले समझाइश दी, फिर हल्का बल प्रयोग किया और जब स्थिति नहीं संभली तो आंसू गैस के गोले छोड़े। बताया जा रहा है कि कुछ गोले ठीक से लॉन्च नहीं हुए तो अधिकारियों को हाथ से फेंकना पड़ा।

300 जवान तैनात, 163 BNSS लागू

स्थिति बिगड़ने पर शहर के अन्य थानों से और पड़ोसी जिलों से अतिरिक्त बल बुलाया गया। एसएसपी राजनेश सिंह के अनुसार मौके पर 250 से 300 पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। खपरगंज और संवेदनशील इलाकों में लगातार पेट्रोलिंग की जा रही है। एहतियात के तौर पर कोतवाली थाना क्षेत्र में 163 BNSS (पुरानी धारा 144) लागू कर दी गई है।

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घटना की गंभीरता को देखते हुए देर रात कलेक्टर संजय अग्रवाल और एसएसपी राजनेश सिंह ने मोर्चा संभाला और सिटी कोतवाली पहुंचकर स्थिति की समीक्षा की। बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला भी मौके पर पहुंचे।

प्रशासन की अपील

कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कहा कि बिलासपुर आपसी भाईचारे और सौहार्द के लिए जाना जाता है, शांति बिगाड़ने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। एसएसपी राजनेश सिंह ने कहा कि यह व्यक्तिगत विवाद से शुरू हुआ मामला था, स्थिति अब नियंत्रण में है। दोषियों की पहचान के लिए घटनास्थल और आसपास के CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं और भड़काऊ पोस्ट करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।

FAQ: बिलासपुर में दो गुटों में पथराव

सवाल 1. बिलासपुर में पथराव की घटना कहां हुई?

जवाब: यह घटना बिलासपुर के खपरगंज इलाके में हुई, जो सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है। विवाद के बाद भीड़ कोतवाली के सामने जमा हो गई थी।

सवाल 2. पथराव की वजह क्या थी?

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जवाब: प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि विवाद युवाओं की व्यक्तिगत कहासुनी से शुरू हुआ था, बाद में एक आपत्तिजनक सोशल मीडिया पोस्ट के वायरल होने पर इसे सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश की गई, जिससे दो गुटों में झड़प हो गई।

सवाल 3. इस घटना में कितने पुलिसकर्मी घायल हुए हैं?

जवाब: पथराव में तारबाहर थाना प्रभारी हरिशंकर तिवारी समेत कई पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। आरक्षक सोनू पाल के होंठ पर भी चोट लगी है।

सवाल 4. प्रशासन ने क्या कार्रवाई की है?

जवाब: प्रशासन ने कोतवाली थाना क्षेत्र में 163 BNSS लागू कर दी है, मौके पर 300 जवान तैनात किए हैं, आंसू गैस के गोले छोड़कर भीड़ को खदेड़ा है और CCTV फुटेज के आधार पर उपद्रवियों की पहचान कर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।