CG Diya Utsav expense: छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज ने एक पत्रकार वार्ता के दौरान केंद्र और राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने दीया उत्सव के नाम पर सरकारी मशीनरी के दुरुपयोग और जनता के पैसे की बर्बादी का आरोप लगाया। इसके अलावा, उन्होंने यूपीआई लेनदेन पर शुल्क लगाने की चर्चाओं और सीजीपीएससी (CGPSC) 2025 की परीक्षा प्रणाली को लेकर भी कड़े सवाल उठाए हैं।
दीया उत्सव पर फिजूलखर्ची और जनता के धन की बर्बादी का आरोप
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के अवसर पर देश भर में मनाए गए ‘दीया उत्सव’ के दौरान गरीबी और शासक वर्ग की फिजूलखर्ची का मार्मिक नजारा देखने को मिला। उन्होंने दावा किया कि छत्तीसगढ़ में 1.50 करोड़ दीये जलाने के नाम पर राज्य की पूरी शासकीय मशीनरी को झोंक दिया गया। शिक्षकों, स्कूली बच्चों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और पंचायत कर्मचारियों को टारगेट देकर इस आयोजन को सरकारी कार्यक्रम की तरह थोपा गया।
दीया उत्सव के खर्च और बजट को लेकर सरकार से तीखे सवाल
कांग्रेस अध्यक्ष ने सरकार से मांग की है कि वह इस पूरे आयोजन का श्वेत पत्र जारी करे। उन्होंने सवाल उठाया कि 1.50 करोड़ दीयों और तेल की खरीद किसने की? बाती, परिवहन, सजावट और बिजली जैसी व्यवस्थाओं पर कुल कितना खर्च आया? यदि एक दीये का न्यूनतम खर्च भी जोड़ा जाए, तो इस इवेंट में जनता की कमाई के 50 करोड़ रुपये से अधिक पानी की तरह बहाए गए हैं, जिसका हिसाब सरकार को देना चाहिए।
यूपीआई पर शुल्क लगाने के फैसले का कड़ा विरोध
डिजिटल ट्रांजैक्शन का जिक्र करते हुए दीपक बैज ने कहा कि जिस यूपीआई को देश की डिजिटल क्रांति बताकर जनता को ऑनलाइन भुगतान की आदत डाली गई, अब उसी पर शुल्क वसूलने की तैयारी चल रही है। मोदी सरकार के इस कदम से आम जनता और छोटे दुकानदारों की जेब पर सीधा डाका पड़ेगा। यदि हर छोटे-बड़े लेनदेन पर शुल्क लगा, तो इसका बोझ सीधे आम उपभोक्ता और व्यापारियों पर आएगा। कांग्रेस पार्टी ने इस योजना का कड़े शब्दों में विरोध किया है।
सीजीपीएससी 2025 के इंटरव्यू स्थगित करने को अपर्याप्त बताया
राज्य लोक सेवा आयोग (CGPSC) द्वारा 2025 की सिविल सेवा परीक्षा के साक्षात्कार स्थगित करने के निर्णय पर प्रतिक्रिया देते हुए बैज ने इसे अपर्याप्त बताया। उन्होंने कहा कि केवल इंटरव्यू टालना समाधान नहीं है, बल्कि आयोग को मुख्य परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाएं (कॉपियां) अभ्यर्थियों को उपलब्ध करानी चाहिए, ताकि छात्र अपने अंकों का स्वमूल्यांकन कर सकें।
नियम के उल्लंघन और मूल्यांकन में गड़बड़ी का गंभीर मुद्दा
दीपक बैज ने बताया कि 2025 की परीक्षा में 265 पदों के विरुद्ध 795 अभ्यर्थियों का चयन होना था, लेकिन केवल 608 अभ्यर्थियों को ही इंटरव्यू के लिए योग्य माना गया है। 187 अभ्यर्थी कम होने के पीछे पीएससी का तर्क है कि वे न्यूनतम अंक प्राप्त नहीं कर पाए। कांग्रेस ने मांग की है कि पारदिर्शता बरतते हुए आयोग को अभ्यर्थियों को उनकी कॉपियां इंटरव्यू से पहले देनी चाहिए, ताकि पिछले वर्षों की तरह मूल्यांकन में हुई गड़बड़ियों का पर्दाफाश हो सके।
- छत्तीसगढ़ में 1.50 करोड़ दीये जलाने का दावा भाजपा द्वारा किया गया था।
- कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज का दावा भाजपा ने दीया उत्सव पर लगभग 50 करोड़ रुपये से अधिक जनता का पैसा बर्बाद किया गया है।
- कांग्रेस पार्टी ने यूपीआई (UPI) लेनदेन पर शुल्क लगाने की तैयारी का कड़ा विरोध किया है।
- पीएससी 2025 में 265 पदों के विरुद्ध केवल 608 अभ्यर्थियों को इंटरव्यू के लिए योग्य माना गया है, जबकि नियम के अनुसार 795 अभ्यर्थियों का चयन होना चाहिए था।
- कांग्रेस ने आयोग से मांग की है कि आयोग पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए मुख्य परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाएं (कॉपियां) अभ्यर्थियों को उपलब्ध कराए।



