Blue Drum Gardening: बढ़ती महंगाई और मिलावटी सब्जियों के दौर में ताजी और केमिकल-फ्री सब्जियां खाना हर कोई चाहता है। लेकिन जगह की कमी के कारण कई लोग गार्डनिंग शुरू नहीं कर पाते। अगर आपके पास भी जमीन नहीं है, तो घर की छत पर रखे नीले प्लास्टिक के ड्रम में सब्जियां उगा सकते हैं। ड्रम की अच्छी गहराई और चौड़ाई पौधों की जड़ों को फैलने के लिए पर्याप्त जगह देती है।
छत पर ड्रम में कई तरह की सब्जियां उगाई जा सकती हैं। इनमें टमाटर, बैंगन, भिंडी, हरी मिर्च और बेल वाली सब्जियां शामिल हैं। सही मिट्टी, पर्याप्त धूप और पानी का ध्यान रखकर इन पौधों की देखभाल की जा सकती है।
ड्रम में उगाएं ये सब्जियां
टमाटर
टमाटर के पौधों के लिए बड़ा ड्रम अच्छा विकल्प हो सकता है। एक बड़े ड्रम में 2 से 3 टमाटर के पौधे लगाए जा सकते हैं। इनसे लंबे समय तक ताजे टमाटर मिल सकते हैं।
बैंगन
बैंगन के पौधे को अच्छी धूप और पर्याप्त गहराई की जरूरत होती है। नीले ड्रम में इसे उगाया जा सकता है।
भिंडी
भिंडी को भी ड्रम में उगाया जा सकता है। ड्रम के ऊपरी हिस्से की चौड़ाई का इस्तेमाल करके इसमें कई भिंडी के पौधे लगाए जा सकते हैं।
हरी मिर्च
हरी मिर्च के पौधों की देखभाल ज्यादा मुश्किल नहीं है। एक ड्रम में 2 से 3 मिर्च के पौधे लगाए जा सकते हैं।
लौकी और तोरई जैसी बेल वाली सब्जियां
नीले ड्रम में लौकी, तोरई या करेले जैसी बेल वाली सब्जियों का एक मजबूत पौधा लगाया जा सकता है। बेल को छत पर रस्सी के सहारे ऊपर चढ़ाया जा सकता है।
ऐसे तैयार करें ड्रम
सबसे पहले एक पुराना नीला प्लास्टिक ड्रम लें और उसे बीच से आधा काट लें। इससे दो बड़े गमले जैसे बर्तन तैयार हो जाएंगे। अब इनके तले में 4 से 5 छेद करें। इससे अतिरिक्त पानी बाहर निकल सकेगा और जड़ों में पानी जमा नहीं रहेगा।
मिट्टी का सही मिश्रण
गार्डनिंग में मिट्टी की अहम भूमिका होती है। इसके लिए 50% सामान्य बगीचे की मिट्टी, 30% पुरानी सड़ी हुई गोबर की खाद या वर्मीकंपोस्ट और 20% रेत (कोकोपीट) मिलाकर मिट्टी तैयार करें।
मिश्रण को अच्छी तरह मिलाने के बाद इसे ड्रम में भरें। इसके बाद बीज या पौधे लगाने की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है।
बीज या पौधे कैसे लगाएं?
आप नर्सरी से सीधे स्वस्थ पौधे लाकर ड्रम में लगा सकते हैं। बीज से शुरुआत करनी हो तो उन्हें मिट्टी में करीब आधा इंच की गहराई पर बोएं। इसके बाद हल्का पानी छिड़कें।
धूप और पानी का रखें ध्यान
ड्रम को छत पर ऐसी जगह रखें जहां रोजाना कम से कम 5 से 6 घंटे की सीधी धूप मिल सके। मिट्टी में नमी बनाए रखें, लेकिन पानी ज्यादा जमा न होने दें।
हर 15-20 दिन में दें खाद
पौधों की ग्रोथ के लिए हर 15 से 20 दिन में नीम की खली या वर्मीकंपोस्ट की हल्की परत दी जा सकती है। कीड़ों से बचाने के लिए समय-समय पर नीम के तेल का छिड़काव करें।
इन आसान तरीकों से छत पर रखे नीले ड्रम में सब्जियां उगाई जा सकती हैं। इससे घर की छत पर गार्डनिंग के लिए कम जगह में भी पौधे लगाने का विकल्प मिलता है।



