बुधवार, 16 सितंबर 2026 बुध, 16 सित॰ |
संस्करण:
ब्रेकिंग न्यूज़
छत्तीसगढ़

demolition action: रायपुर में 40 मकानों पर बुलडोजर कार्रवाई पर गरमाई राजनीति, नेता प्रतिपक्ष बोले- ‘क्या मकान बनने का इंतजार कर रहा था निगम?’

the demolition of houses in Rawatpura Colony
तस्वीर: The Rural Press फाइल / सौजन्य

Raipur Municipal Corporation: रायपुर नगर पालिक निगम के नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी ने रावतपुरा कॉलोनी फेस-2 में हाल ही में 40 मकानों पर की गई तोड़फोड़ की कार्रवाई को निगम की नाकामी और भ्रष्ट तंत्र का परिणाम बताया है।

उन्होंने स्पष्ट किया कि वे अवैध निर्माण का समर्थन नहीं करते, लेकिन जिस तरह से गरीबों के आशियाने पर अचानक बुलडोजर चलाया गया, वह पूरी तरह से जनविरोधी और गलत है। आकाश तिवारी ने निगम के अधिकारियों की कार्यशैली और मिलीभगत पर कई गंभीर सवाल खड़े किए हैं।

मकान बनने के दौरान क्यों चुप रहे जिम्मेदार अधिकारी?

नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी ने सवाल उठाया कि कोई भी मकान एक दिन में नहीं बनता, बल्कि उसे खड़ा होने में महीनों का समय लगता है। जब नींव खुदती है और कॉलम खड़े होते हैं, तब जोन के इंजीनियर और वार्ड के अधिकारी कहां सोते रहते हैं? उन्होंने कहा कि अगर निर्माण रोकना ही था, तो पहले दिन ही नक्शा और लेआउट चेक कर कार्रवाई करनी चाहिए थी।

अधिकारियों और बिल्डरों की मिलीभगत का आरोप

आकाश तिवारी ने आरोप लगाया कि मकान बनने तक अधिकारियों की चुप्पी यह इशारा करती है कि कहीं न कहीं इसमें मिलीभगत रही है। मकान पूरी तरह तैयार होने के बाद गरीब जनता के सपनों के घरों पर बुलडोजर चलाना कौन सी बहादुरी है? उन्होंने इस कार्रवाई को वसूली पूरी न होने का परिणाम बताया है।

शिकायतों के बाद भी समय पर कार्रवाई क्यों नहीं?

रावतपुरा कॉलोनी में पानी निकासी, सड़क और पेयजल की समस्याएं लगातार सामने आ रही थीं। नेता प्रतिपक्ष ने पूछा कि जब गर्मी और बरसात के दौरान समस्याएं थीं, तब कार्रवाई क्यों नहीं की गई? क्या निगम किसी बड़ी अनहोनी या मकान पूरा होने का इंतजार कर रहा था ताकि बड़ी कार्रवाई दिखा सके?

नियमितीकरण और राजीनामा नीति लागू करने की मांग

नेता प्रतिपक्ष ने रायपुर नगर निगम के सामने मांग रखी है कि तत्काल ‘राजीनामा और नियमितीकरण’ की योजना को स्थायी रूप से चालू किया जाए। यदि निर्माण में थोड़ा-बहुत अतिरिक्त बदलाव है, तो जनता शुल्क जमा कर उसे नियमित करवा सके, जिससे निगम की आय में भी बढ़ोतरी होगी।

आम खरीदार की बजाय बिल्डर्स पर हो कड़ी कार्रवाई

आकाश तिवारी ने जोर देकर कहा कि यदि बिल्डर ने किसी प्रकार की धोखाधड़ी की है, तो सजा आम खरीदार को नहीं बल्कि बिल्डर को मिलनी चाहिए। जनता ने अपनी जीवनभर की पूंजी लगाकर घर खरीदा है, इसलिए सरकार को एक सरल और व्यावहारिक नीति बनानी चाहिए ताकि राजधानी के हजारों मकानों पर बुलडोजर न चले।

  • रावतपुरा कॉलोनी फेस-2 में कुल 40 मकानों पर तोड़फोड़ की कार्रवाई की गई है।
  • नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी ने निगम की कार्रवाई को निगम की नाकामी, भ्रष्ट तंत्र और जनविरोधी कदम बताया है।
  • नेता प्रतिपक्ष ने निगम के सामने राजीनामा और नियमितीकरण की योजना को स्थायी रूप से चालू करने और बिल्डरों पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।
  • आकाश तिवारी के अनुसार अवैध निर्माण की जांच निर्माण की शुरुआत (यानी नींव खुदने और कॉलम खड़े होने के समय) ही नक्शा और लेआउट की जांच होनी चाहिए।
Shravan Sharma
लेखक / पत्रकार:

Shravan Sharma

विशेष संवाददाता (Special Correspondent)

वरिष्ठ न्यूज़ रिपोर्टर, The Rural Press

The Rural Press के लिए निष्पक्ष और निर्भीक रिपोर्टिंग।

विज्ञापन