अमिताभ बच्चन
image source : google

टीआरपी डेस्क। बॉलीवुड एक्टर अमिताभ बच्चन के प्रतीक्षा बंगले पर BMC कुछ तोड़फोड़ करने जा रहा है। जानकारी अनुसार, सड़क चौड़ी करने के लिए बीएमसी ने बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन को साल 2017 में नोटिस दिया था। जिसमें उनके बंगले की दीवार तोड़ने की बात कही गयी थी। ऐसे में अब BMC ने उस नोटिस का अनुपालन करना शुरू कर दिया है।

यह भी पढ़े: जीपी सिंह के रायपुर, राजनांदगांव, ओडिशा के 15 ठिकानों पर जारी ACB की रेड हुई खत्म, 10 करोड़ की अवैध प्रॉपर्टी, 2 किलो सोने की पट्टी, 16 लाख कैश बरामद

BMC द्वारा जारी नोटिस में लिखा था कि संत ज्ञानेश्वर मार्ग रोड को चौड़ा करने के लिए उनके बंगले प्रतीक्षा से जुड़े प्लॉट को बीएमसी द्वारा अधिग्रहित किया जाएगा। इसके साथ ही बृहन्मुंबई महानगर पालिका ने मुंबई उपनगरीय कलेक्टर सिटी के सर्वेक्षण अधिकारियों को सड़क चौड़ी करने के लिए बंगले के जरूरी हिस्से का सीमांकन करने का भी आदेश दिया है।

See also  Ganapath Trailer: एक्शन और रोमांस से भरा है 'गणपत' का ट्रेलर, टाइगर-कृति के साथ धांसू है अमिताभ बच्चन का अंदाज

साल 2017 में जारी किया गया था नोटिस 

इस मामले के बारे में बात करते हुए नगर पार्षद, एडवोकेट ट्यूलिप ब्रायन मिरांडा ने कहा, “बीएमसी ने सड़क चौड़ीकरण के मामले में अमिताभ बच्चन को साल 2017 में ही नोटिस जारी कर दिया था। अमिताभ बच्चन के बंगले से सटे प्लॉट की दीवार को बीएमसी ने ध्वस्त करते हुए वहां से जल निकासी का निर्माण किया। लेकिन अमिताभ बच्चन के घर को हाथ तक नहीं लगाया गया था।”

यह भी पढ़े: बीरगांव निगम चुनाव के लिए रायपुर कलेक्टर ने कि सेक्टर अधिकारियों की नियुक्ति, देखें आदेश

ट्यूलिप ब्रायन मिरांडा ने आगे कहा कि “जब नोटिस जारी किया गया था तो जमीन क्यों नहीं ली गई? यह एक आम व्यक्ति से ताल्लुक रखता है। वह इसे नगर निगम अधिनियम की धारा 299 के तहत तुरंत ही ले लेते, जिसमें कहा जाता है कि आपको अपील के दूसरे नोटिस का इंतजार करने की कोई जरूरत नहीं होती है।”

See also  Ayodhya: राम मंदिर पर बनेगी फिल्म, दिखाया जायेगा 500 साल का इतिहास

फरवरी 2021 में भेजा लिखित नोटिस 

इस मामले को लेकर एडवोकेट ट्यूलिप ब्रायन मिरांडा ने आगे बताया, “मैंने मामले को लेकर फरवरी, 2021 में लिखित में नोटिस भी भेजा, लेकिन मुझे इस पर कोई जवाब नहीं मिला। ऐसे में मुझे वार्ड अधिकारी से फोन पर बात करनी पड़ी और कमिश्नर को भी इस बारे में लिखित में सूचना देनी पड़ी। लेकिन बावजूद इसके कोई जवाब नहीं आया।”

यह भी पढ़े: बड़ा हादसा: सेना का विमान C-130 क्रैश, 85 जवान थे सवार, अब तक 40 को पहुंचाया अस्पताल

वहीं एडवोकेट के मुताबिक यह परियोजना इसलिए भी जरूरी है, क्योंकि यहां दो स्कूल, एक अस्पताल, इस्कॉन मंदिर और मकबरा भी है। सड़क चौड़ीकरण का काम केवल अमिताभ बच्चन के बंगले के लिए ही रोक दिया गया था। एडवोकेट ने आगे कहा, “मैं इस बात से खुश हूं कि लोकायुक्त के पास जाने की बात कहने के बाद से ही मेरे दिये गए नोटिस पर कार्रवाई की गई।”

See also  अमिताभ बच्चन दूसरी बार हुए कोरोना पॉज़िटिव, ट्वीट कर दी जानकारी

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे फेसबुक, ट्विटरटेलीग्राम और वॉट्सएप पर

रंजना वर्मा पत्रकारिता और डिजिटल मीडिया से जुड़ी अनुभवी न्यूज राइटर हैं। उन्होंने देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर से मास्टर ऑफ मास कम्युनिकेशन की शिक्षा प्राप्त की है। रायपुर के प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ और देश से जुड़े समसामयिक मुद्दों के साथ राजनीति, शिक्षा, सरकारी योजनाओं, कारोबार, तकनीक और लाइफस्टाइल जैसे विषयों पर लेखन किया है। समाचार लेखन के साथ SEO आधारित कंटेंट तैयार करने में भी उनकी अच्छी पकड़ है। सरल भाषा में तथ्यों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करना और पाठकों तक विश्वसनीय जानकारी पहुंचाना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है।