UPBHOKTA AYOG

बिलासपुर। प्रदेश भर में जिला उपभोक्ता आयोगों में नियुक्तियों के बाद यहां दर्ज मामलों की सुनवाई और फैसलों में तेजी आयी है। जिला उपभोक्ता आयोग, बिलासपुर के अध्यक्ष आनंद कुमार सिंघल ने दो अलग-अलग मामलों में महत्वपूर्ण आदेश पारित करते हुए उपभोक्ताओं के हित में यह आदेशित किया है कि वस्तुओं पर अधिकतम अंकित खुदरा मूल्य से अधिक कीमत पर यदि कोई विक्रेता उपभोक्ता को सामग्री विक्रय करता है तो वह अनुचित व्यापारिक व्यवहार के अंतर्गत आता है।

18 का सोडा वाटर 75 रूपये में

यहां दर्ज एक मामले में उपभोक्ता अश्वनी जायसवाल ने होटल हेवन पार्क बिलासपुर से 10 जनवरी 2020 को अन्य खाद्य सामग्री के साथ एक सीलबंद Kinley सोडा वाटर 600ml का क्रय किया था। उक्त सोडा वाटर पर अधिकतम खुदरा मूल्य ₹18 अंकित था। जिस पर होटल हेवन पार्क बिलासपुर द्वारा शिकायतकर्ता अश्वनी जायसवाल से ₹75 वसूल कर उस पर जीएसटी अलग से चार्ज किया था।

See also  मुख्यमंत्री भूपेश बघेल गए दिल्ली, लखमा ने किया बाढ़ ग्रस्त सुकमा का हवाई सर्वेक्षण

क्षतिपूर्ति राशि और वाद व्यय सहित ब्याज जोड़कर…

उपभोक्ता आयोग बिलासपुर ने इस मामले में निर्णय करते समय यह पाया कि होटल हैवन पार्क का उक्त कृत्य अनुचित व्यापार व्यवहार के अंतर्गत आता है, जिसके तहत आयोग ने शिकायतकर्ता अश्वनी जायसवाल से अधिक वसूल किए गए 57 रुपए को 9% ब्याज सहित वापस प्रदान करने का आदेश दिया तथा साथ ही ₹10000 क्षतिपूर्ति के रूप में और ₹1000 वाद व्यय के रूप में दिलाए जाने का आदेश दिया है।

इसी प्रकार दूसरे मामले में शिकायतकर्ता रूपेश श्रीवास्तव 9 दिसंबर 2020 को होटल आनंदा इंपीरियर, बिलासपुर के बार में खाने गए थे। जहां उन्होंने अन्य खाद्य सामग्री के साथ 500 एम एल की तीन पानी की बोतल Zeal कंपनी की, जिस पर प्रत्येक का खुदरा मूल्य अधिकतम ₹10 अंकित था। शिकायतकर्ता ने उसका जब बिल भुगतान किया तो होटल द्वारा ₹10 के स्थान पर ₹30 प्रति 500ml पानी की बोतल का चार्ज किया गया और उस पर जीएसटी अलग से लिया गया। आयोग ने यह पाया कि होटल आनंदा इंपीरियल बिलासपुर का उक्त कृत्य मनमाना है, और अधिकतर खुदरा मूल्य से अधिक चार्ज किया जाना अनुचित व्यापार व्यवहार के अंतर्गत आता है।

See also  आधार सेवाओं के लिए छत्तीसगढ़ को मिला राष्ट्रीय स्तर का सम्मान, विगत एक वर्ष में 944 विशेष शिवरों का किया गया आयोजन

आयोग ने अपने निर्णय में विरोधी पक्षकार आनंदा इंपिरियल को यह आदेशित किया है कि उक्त अवैध रूप से तीन पानी की बोतल पर ₹60 लिया गया वह उसे 9% वार्षिक ब्याज सहित अदा करेगा तथा क्षतिपूर्ति के रूप में ₹10000 एवं वाद व्यय के रूप में ₹1000 शिकायतकर्ता को देगा।

होटलों को अनुचित व्यवहार से बचने के आदेश

आयोग द्वारा यह भी आदेशित किया गया है कि इन दोनों मामलों में विरोधी पक्ष होटल हेवन पार्क और आनंदा इंपीरियल होटल भविष्य में इस प्रकार के अनुचित व्यापार व्यवहार की पुनरावृत्ति नहीं करेंगे।

गौरतलब है कि देश भर में करोड़ों उपभोक्ता प्रतिदिन इस प्रकार के कृत्यों से अवैध वसूली के शिकार हो रहे हैं, जिस पर उपभोक्ताओं के संरक्षण हेतु हर स्तर पर उपभोक्ता आयोग कार्यरत है, जिससे आम उपभोक्ता इस प्रकार की अवैध वसूली के शिकार होने पर अपनी शिकायत दर्ज करा कर, ऐसे अनुचित व्यापार व्यवहार के खिलाफ कार्यवाही करा सकते हैं।

See also  शराब का नाम खराब : प्रदेश में चल रहा असली बोतल में नकली दारू बनाने का खेल, यहां फूटा रैकेट

Hindi News के लिए जुड़ें हमारे साथ हमारे
फेसबुक, ट्विटरयूट्यूब, इंस्टाग्राम, लिंक्डइन, टेलीग्रामकू
 पर