जांजगीर-चांपा। धान के समर्थन मूल्य पर खरीदी शुरू होते ही प्रदेश भर में अवैध धान को खपाने का दौर शुरू हो गया है। जिलों में बिचौलिए और कोचिए काफी सक्रियता से किसानों के खाते की आड़ में अपना धान खपाने में जुटे हुए हैं। इसे रोकने के लिए जिलों में अफसरों की टीम जुटी हुई है।
इसी कड़ी में जांजगीर जिले में कलेक्टर जन्मेजय महोबे के निर्देश पर खाद्य विभाग और मंडी की संयुक्त टीम ने अवैध रूप से संग्रहित धान पर बड़ी कार्रवाई की है। जिलेभर में लगातार हो रही जांच के तहत टीम ने 7 स्थानों पर छापेमारी कर कुल 375 बोरा (लगभग 150 क्विंटल) धान जब्त किया है। इस कार्रवाई का उद्देश्य समर्थन मूल्य पर खरीद से पहले जिले में सक्रिय कोचियों-बिचौलियों की अवैध धान खरीदी पर रोक लगाना है।

टीम ने इन स्थानों पर पाए गए अवैध रूप से संग्रहित धान को मंडी अधिनियम के तहत जप्त किया है और आगे की कार्रवाई के लिए प्रकरण तैयार किया गया है।
अवैध धान पर ‘ज़ीरो टॉलरेंस’ – जिला प्रशासन
जिला खाद्य अधिकारी कौशल साहू ने बताया कि जिले में अवैध धान की खरीदी-बिक्री पर पूर्ण रोक के लिए ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे। कलेक्टर महोबे ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अवैध गतिविधि में शामिल किसी भी व्यक्ति पर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

जांजगीर की तरह ही प्रदेश के सीमांत जिलों में बड़े पैमाने पर दूसरे राज्यों से धान लाकर खपाने का प्रयास हो रहा है। जिलों में प्रशासन और पुलिस द्वारा इस तरह का अवैध धान पकड़ा भी जा रहा है। प्रदेश भर में अब तक करोड़ों का अवैध धान जेबीटी किया जा चुका है। इस तरह का धान खपाए जाने के चलते सरकार को काफी नुकसान हो रहा है।



