Arang Crime News: बनचरौदा में शिक्षक शिवकुमार चंद्राकर की हत्या के मामले में आरंग पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर आरोपी तक पहुंचने का दावा किया है। पुलिस ने मृतक के साथी शिक्षक चंद्रप्रकाश वर्मा को गिरफ्तार किया है। जांच में दोनों के बीच करीब 30 लाख रुपये के लेन-देन और ब्याज की रकम को लेकर विवाद सामने आया है।
पुलिस के मुताबिक, 17 सितंबर को चंद्रप्रकाश वर्मा ने शिवकुमार चंद्राकर को बनचरौदा के एक सुनसान इलाके में बुलाया था। यहां दोनों के बीच पैसों के लेन-देन को लेकर विवाद हुआ। विवाद बढ़ने के बाद आरोपी ने धारदार हथियार और हथौड़े से शिवकुमार पर हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
VSK लॉग से जांच को मिला अहम सुराग
हत्या के बाद पुलिस ने घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने के लिए स्कूल परिसर से जुड़े सीसीटीवी फुटेज और शिक्षा विभाग के VSK ऐप की लॉग रिपोर्ट खंगाली। पुलिस के अनुसार, इन डिजिटल रिकॉर्ड से आरोपी की गतिविधियों को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई। इसके बाद पुलिस ने चंद्रप्रकाश से पूछताछ की, जिसमें अपराध स्वीकार करने की बात सामने आई।
30 लाख रुपये के कारोबार को लेकर था विवाद
जांच में पुलिस को पता चला कि दोनों शिक्षकों के बीच रेत, रियल एस्टेट और बुलियन ट्रेडिंग से जुड़े करीब 30 लाख रुपये के लेन-देन का विवाद चल रहा था। बताया गया है कि इस रकम पर करीब तीन महीने के ब्याज को लेकर भी दोनों के बीच तनाव था। पुलिस फिलहाल आर्थिक विवाद को हत्या की प्रमुख वजह मानकर जांच आगे बढ़ा रही है।
आरोपी के पास से मिला सामान
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से स्कूटी, हत्या में इस्तेमाल धारदार हथियार और हथौड़ा बरामद किया है। इसके अलावा तीन ब्लैंक चेक, मोबाइल फोन, पर्स और खून से सने कपड़े भी बरामद किए गए हैं। पुलिस का कहना है कि बरामद सामान को जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य के तौर पर शामिल किया गया है।
न्यायालय में पेश किया गया आरोपी
आरंग पुलिस ने चंद्रप्रकाश वर्मा को गिरफ्तार करने के बाद न्यायालय में पेश किया है। पुलिस अब हत्या से जुड़े आर्थिक लेन-देन, घटनास्थल तक पहुंचने की परिस्थितियों और अन्य संभावित पहलुओं की जांच कर रही है। मामले में उपलब्ध डिजिटल रिकॉर्ड और बरामद सामान की भी जांच की जा रही है।



