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एक और हाथी की करंट से हुई मौत, इस बार शावक बना ग्रामीणों की मनमानी का शिकार, आखिर कर क्या रहा है वन विभाग का मैदानी अमला ?

सरगुजा जिला के उदयपुर वन परिक्षेत्र के अलकापुरी कक्ष क्रमांक पी-2027 के समीप जंगल में फसल सुरक्षा के लिए लगाए गए झटका तार के करंट क चपेट में आने से हाथी शावक की मौत हो गई।  घटना बुधवार रात करीब 10 बजे की बताई जा रही है। प्राप्त जानकारी अनुसार, अलकापुरी क्षेत्र के जंगल में […]

एक और हाथी की करंट से हुई मौत, इस बार शावक बना ग्रामीणों की मनमानी का शिकार, आखिर कर क्या रहा है वन विभाग का मैदानी अमला ?
तस्वीर: The Rural Press फाइल / सौजन्य

सरगुजा जिला के उदयपुर वन परिक्षेत्र के अलकापुरी कक्ष क्रमांक पी-2027 के समीप जंगल में फसल सुरक्षा के लिए लगाए गए झटका तार के करंट क चपेट में आने से हाथी शावक की मौत हो गई। 

घटना बुधवार रात करीब 10 बजे की बताई जा रही है। प्राप्त जानकारी अनुसार, अलकापुरी क्षेत्र के जंगल में पिछले कई महीनों से हाथियों का दल विचरण कर रहा है। हाथियों से फसल को बचाने के लिए खेतों के चारों ओर एक किलोमीटर से अधिक क्षेत्र में झटका तार लगाया गया है। इसी दौरान हाथी का शावक तार की चपेट में आ गया। हाथी का सूंड और पैर में तार फंसने और करंट लगने से उसकी जान चली गई। 

जानकारी के मुताबिक, अलकापुरी के जंगल में पिछले कई दिनों से हाथियों का दल घूम रहा है। हाथियों से फसल बचाने के लिए किसानों ने खेतों के चारों ओर एक किलोमीटर से ज्यादा इलाके में झटका देने वाला तार लगाया है। बुधवार रात करीब 10 बजे हाथी का बच्चा इस तार की चपेट में आ गया।

हाथियों का झुंड मौके पर पहुंचा था। बच्चे की मौत के बाद रातभर हाथियों का दल वहीं घूमता रहा और चिंघाड़ता रहा। इससे आसपास दहशत का माहौल बना रहा।

सरपंच के परिवार की जमीन, वन विभाग कर रहा जांच

बताया जा रहा है कि जिस खेत के आसपास झटका तार लगाया गया है, वह झिरमिटी सरपंच चंदन एक्का और उनके परिवार के लोगों की जमीन है। घटना की सूचना मिलने पर वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी मौके पर पहुंचे।

वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि घटना की जांच की जा रही है। जांच के बाद जिम्मेदार लोगों की पहचान कर नियम के तहत कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों के मुताबिक, क्षेत्र में करीब 27 हाथियों का दल घूम रहा है। वन विभाग की टीम आसपास अवैध हुकिंग की भी जांच कर रही है।

झटका मशीन से नुकसान नहीं, सीधे करंट का इस्तेमाल हुआ

स्थानीय लोगों का कहना है कि झटका मशीन के करंट से किसी जानवर या व्यक्ति की मौत नहीं हो सकती। उनका कहना है कि मामले की जांच होनी चाहिए। स्थानीय लोगों ने आशंका जताई कि तार में सीधे करंट लगाया गया होगा।

स्थानीय लोगों के मुताबिक, घटना के बाद हाथियों का दल रातभर मौके पर डटा रहा और चिंघाड़ता रहा। हाथियों की आवाज सुनकर आसपास के लोग सहमे रहे। वन विभाग हाथी के बच्चे के शव का पोस्टमॉर्टम कराने के बाद अंतिम संस्कार करेगा।

घटना के बाद क्षेत्र में हाथियों की सुरक्षा और फसल बचाने के लिए लगाए गए झटका तारों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।

लापरवाह है वन विभाग का मैदानी अमला 

छत्तीसगढ़ में जंगलों के आसपास रहने वाले ग्रामीण या तो अपने खेतों को जंगली जानवरों के नुकसान से बचाने के लिए या फिर शिकार के लिए बिजली का हाई टेंशन तार बिछा कर रखते हैं। अब तक इस करंट की चपेट में हाथी और अन्य जानवरों के साथ ही बड़ी संख्या में आम लोग मारे जा चुके हैं। आए दिन इस तरह की घटनाएं हो रही हैं। बावजूद इसके वन विभाग का अमल निष्क्रिय बैठा हुआ है। तभी तो ग्रामीण इस तरह की मनमानी कर रहे हैं और वन अम्ल उन्हें रोक नहीं पा रहा है।

 फिलहाल वन विभाग की टीम मौके पर मौजूद है और हाथी के शावक की मौत के कारणों एवं झटका तार लगाए जाने की परिस्थितियों की जांच कर रही है। जानकारी अनुसार क्षेत्र में 27 हाथियों का दल विगत कुछ दिनों से लगातार विचरण कर रहा है और आज रात यह दर्दनाक हादसा हो गया।

FAQ: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल 

Q1. सरगुजा में हाथी शावक की मौत कैसे हुई?

अलकापुरी जंगल में खेत के चारों ओर लगाए गए तार में करंट लगने से। शावक का सूंड और पैर तार में फंस गया था।

Q2. घटना कब और कहां हुई?

बुधवार रात 10 बजे, उदयपुर वन परिक्षेत्र के अलकापुरी कक्ष क्रमांक P-2027 के पास।

Q3. तार किसकी जमीन पर लगा था?

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार झिरमिटी सरपंच चंदन एक्का के परिवार की जमीन पर।

Q4. क्या यह झटका तार था या सीधा करंट?

ग्रामीणों का आरोप है कि झटका मशीन से मौत नहीं होती, इसमें सीधे बिजली करंट लगाया गया था। वन विभाग इसकी जांच कर रहा है।

Q5. हाथियों के दल ने क्या किया?

शावक की मौत के बाद 27 हाथियों का दल रातभर मौके पर डटा रहा और चिंघाड़ता रहा, जिससे इलाके में दहशत बनी रही।

Shami Imam
लेखक / पत्रकार:

Shami Imam

विशेष संवाददाता (Special Correspondent)

वरिष्ठ न्यूज़ रिपोर्टर, The Rural Press

The Rural Press के लिए निष्पक्ष और निर्भीक रिपोर्टिंग।

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