शुक्रवार, 30 अक्तूबर 2026 शुक्र, 30 अक्तू॰ |
संस्करण:
ब्रेकिंग न्यूज़
TRP Crime News

Bilaspur: सरे आम गोलियों से भूनकर हत्या, मगर साजिश साबित करने में फेल रही पुलिस, संजू त्रिपाठी हत्याकांड में सभी 22 आरोपी बरी

sanju murder mamla
तस्वीर: The Rural Press फाइल / सौजन्य
खास बातें (Key Highlights)
  • Sanju Tripathi murder case acquitted: दिनदहाड़े गोलियों से भूनकर की गई सनसनीखेज हत्या में पुलिस साजिश को साबित करने में ही नाकाम रही।
  • कारोबारी और कांग्रेस से जुड़े संजू त्रिपाठी हत्याकांड में जिला कोर्ट ने पुलिस की पूरी कहानी को खारिज करते हुए सभी 22 आरोपियों को बरी कर दिया।
  • अभियोजन के कमजोर साक्ष्य और आपराधिक गठजोड़ साबित न कर पाने के चलते सभी आरोपियों को संदेह का लाभ मिला।
  • बिलासपुर के संजू और उसका छोटा भाई कपिल त्रिपाठी दोनों का इतिहास आपराधिक रहा है।

Sanju Tripathi murder case acquitted: दिनदहाड़े गोलियों से भूनकर की गई सनसनीखेज हत्या में पुलिस साजिश को साबित करने में ही नाकाम रही। कारोबारी और कांग्रेस से जुड़े संजू त्रिपाठी हत्याकांड में जिला कोर्ट ने पुलिस की पूरी कहानी को खारिज करते हुए सभी 22 आरोपियों को बरी कर दिया। अभियोजन के कमजोर साक्ष्य और आपराधिक गठजोड़ साबित न कर पाने के चलते सभी आरोपियों को संदेह का लाभ मिला।

बिलासपुर के संजू और उसका छोटा भाई कपिल त्रिपाठी दोनों का इतिहास आपराधिक रहा है। पुलिस के मुताबिक दोनों शहर की विवादित जमीनों के सौदों में दखल रखते थे और लाखों कमाते थे। इसी काले कारोबार और संपत्ति के बंटवारे को लेकर दोनों में खूनी रंजिश थी।

पूर्व में संजू ने कपिल पर किया था हमला

इस रंजिश की इंतहा मई 2022 में दिखी थी, जब संजू ने छोटे भाई कपिल पर फरसे से हमला कर दिया था। गंभीर हालत में कपिल को अपोलो अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था। पुलिस ने इसी घटना को हत्या की साजिश की सबसे बड़ी वजह माना था।

UP से शूटर, फार्महाउस में बनी प्लानिंग – पुलिस की पूरी स्क्रिप्ट

पुलिस ने अपनी चार्जशीट में जो साजिश की कहानी लिखी, उसके मुताबिक कपिल त्रिपाठी ही मुख्य साजिशकर्ता था।

उसने हत्या के लिए 3 पिस्टल और 20 कारतूस जुटाए। UP से शूटर बुलाए। कपिल के फार्महाउस में प्लानिंग हुई और 14 दिसंबर 2022 को चार गाड़ियों से पूरी टीम सकरी बाइपास के लिए निकली।

प्रसीन गुप्ता सफेद कार में भरत तिवारी, आशीष तिवारी और राजेंद्र ठाकुर के साथ था। वहीं विनय द्विवेदी उर्फ गुरुजी पुरानी नीली बलेनो चला रहा था। इस कार में कथित शूटर दानिश, पप्पू दाढ़ी और एजाज उर्फ सोनू सवार थे। उनके पास हथियार और कारतूस मौजूद थे।

पुलिस की कहानी के मुताबिक आरोपी सकरी बाइपास पर संजू की गाड़ी का इंतजार कर रहे थे। इसी दौरान उन्हें सूचना मिली कि संजू सफेद एमजी हेक्टर से आ रहा है।

शाम करीब 4:10 बजे संजू की गाड़ी स्पीड ब्रेकर के पास पहुंची तो प्रसीन ने अपनी कार आगे लगाकर उसे रोक दिया। इसके बाद बलेनो से उतरे दानिश, पप्पू दाढ़ी, एजाज और विनय ने संजू की गाड़ी को घेर लिया। दानिश ने सबसे पहले ड्राइविंग सीट पर बैठे संजू पर गोली चलाई। इसके बाद बाकी हमलावरों ने भी अलग-अलग तरफ से फायरिंग की।

पुलिस के अनुसार गोली मारने के बाद दानिश ने संजू की मौत की पुष्टि की और सभी आरोपी अलग-अलग गाड़ियों से उत्तर प्रदेश की तरफ भाग निकले।

कोर्ट में ध्वस्त हो गई पुलिस की कहानी

पुलिस ने इस थ्योरी पर कुल 24 लोगों को आरोपी बनाया था। लेकिन कोर्ट में पुलिस ना तो कॉल डिटेल, ना पैसों के लेन-देन, ना हथियारों की बरामदगी का पुख्ता वैज्ञानिक सबूत और ना ही साजिश में शामिल होने का कोई ठोस लिंक साबित कर पाई।

संजू त्रिपाठी के खिलाफ दर्जनों आपराधिक मामले

संजू त्रिपाठी की हत्या के बाद पुलिस ने उसके आपराधिक रिकॉर्ड का भी खुलासा किया था। उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, अपहरण, लूट, धमकी और तलवार लहराने जैसे अपराधों से जुड़े कई केस दर्ज थे। पुलिस ने अलग-अलग मौकों पर उसके खिलाफ 27 से अधिक आपराधिक मामलों का उल्लेख किया था। इनमें कुछ मामलों में पुलिस खुद शिकायतकर्ता थी।

मुकर गए गवाह, सबूत कमजोर

बचाव पक्ष के वकील आदित्य तिवारी के मुताबिक, गवाह मुकर गए, सबूत कमजोर निकले और साजिश की पूरी चेन टूट गई। नतीजा – 30 अक्टूबर को कोर्ट ने सभी 22 आरोपियों को बरी कर दिया।

कौन था संजू त्रिपाठी?

पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक संजू हिस्ट्रीशीटर था। उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, अपहरण, लूट, धमकी जैसे 27 से ज्यादा मामले दर्ज थे। वह अपनी गाड़ी पर जिला कांग्रेस महामंत्री लिखवाता था, हालांकि जिला अध्यक्ष विजय केशरवानी ने साफ किया था कि पार्टी में उसका कोई पद नहीं था।

FAQ: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Q1. संजू त्रिपाठी हत्याकांड क्या है?
14 दिसंबर 2022 को बिलासपुर के सकरी बाइपास पर कारोबारी संजू त्रिपाठी की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। यह शहर का सबसे चर्चित मर्डर केस था।

Q2. कोर्ट ने कितने आरोपियों को बरी किया है?
जिला अदालत ने 30 अक्टूबर को इस मामले में ट्रायल फेस कर रहे सभी 22 आरोपियों को बरी कर दिया है। पुलिस ने कुल 24 लोगों को आरोपी बनाया था।

Q3. पुलिस की साजिश की थ्योरी क्या थी?
पुलिस के मुताबिक संजू के छोटे भाई कपिल त्रिपाठी ने संपत्ति और विवादित जमीन के कारोबार की रंजिश में UP से शूटर बुलाकर हत्या की साजिश रची थी, 3 पिस्टल और 20 कारतूस जुटाए थे और फार्महाउस में प्लानिंग हथी।

Q4. कोर्ट ने सभी आरोपियों को क्यों बरी किया?
बचाव पक्ष के वकील आदित्य तिवारी के मुताबिक अभियोजन पक्ष साजिश, पैसों के लेन-देन, हथियारों की बरामदगी और कॉल डिटेल जैसे ठोस सबूत पेश नहीं कर पाया। कमजोर साक्ष्यों के चलते सभी को संदेह का लाभ मिला।

Q5. कपिल और संजू के बीच दुश्मनी क्यों थी?
दोनों भाई विवादित जमीनों के सौदों में दखल रखते थे। मई 2022 में संजू ने कपिल पर फरसे से हमला किया था, जिसमें कपिल गंभीर रूप से घायल होकर अपोलो अस्पताल में भर्ती हुआ था।

Q6. संजू त्रिपाठी कौन था और उसका क्रिमिनल रिकॉर्ड क्या था?
संजू कारोबारी था और खुद को जिला कांग्रेस महामंत्री बताता था, हालांकि कांग्रेस ने पद से इनकार किया था। पुलिस के मुताबिक उसके खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास, अपहरण, लूट, धमकी जैसे 27 से ज्यादा आपराधिक मामले दर्ज थे।

Shami Imam
लेखक / पत्रकार:

Shami Imam

विशेष संवाददाता (Special Correspondent)

वरिष्ठ न्यूज़ रिपोर्टर, The Rural Press

The Rural Press के लिए निष्पक्ष और निर्भीक रिपोर्टिंग।

विज्ञापन