सोमवार, 2 नवंबर 2026 सोम, 2 नव॰ |
संस्करण:
ब्रेकिंग न्यूज़
Madhya Pradesh

MP News: देवास में शराब तस्करों को रोकने गए टीआई दिलीप पुरी की दर्दनाक मौत, सरकार ने दी ‘शहीद’ की मान्यता और 1 करोड़ की मदद

Dilip Puri, Khategaon police station in-charge who died during liquor smuggler interception in Dewas MP.
तस्वीर: The Rural Press फाइल / सौजन्य
खास बातें (Key Highlights)
  • TI Dilip Puri Dewas: मध्य प्रदेश के देवास जिले से एक बेहद दुखद और सनसनीखेज मामला सामने आया है।
  • यहां अवैध शराब तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंचे खातेगांव थाना प्रभारी (TI) दिलीप पुरी की आयशर ट्रक की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई।
  • यह हृदयविदारक घटना इंदौर-बैतूल हाईवे पर नेमावर रोड के पास उस समय हुई जब पुलिस तस्करों को पकड़ने के लिए नाकाबंदी कर रही थी।
  • खुफिया सूचना के आधार पर बिछाई गई थी घेराबंदी पुलिस विभाग को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि हरदा से गुजरात की ओर अवैध शराब की एक भारी-भरकम खेप ट्रक के जरिए भेजी जा रही है।

TI Dilip Puri Dewas: मध्य प्रदेश के देवास जिले से एक बेहद दुखद और सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां अवैध शराब तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंचे खातेगांव थाना प्रभारी (TI) दिलीप पुरी की आयशर ट्रक की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। यह हृदयविदारक घटना इंदौर-बैतूल हाईवे पर नेमावर रोड के पास उस समय हुई जब पुलिस तस्करों को पकड़ने के लिए नाकाबंदी कर रही थी।

खुफिया सूचना के आधार पर बिछाई गई थी घेराबंदी

पुलिस विभाग को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि हरदा से गुजरात की ओर अवैध शराब की एक भारी-भरकम खेप ट्रक के जरिए भेजी जा रही है। इस इनपुट के आधार पर देवास पुलिस अधीक्षक (SP) आदित्य मिश्रा के निर्देशन में जिलेभर में कई पुलिस टीमों का गठन किया गया था। खातेगांव टीआई दिलीप पुरी अपनी टीम के साथ संदिग्ध वाहनों की चेकिंग और नाकाबंदी में मुस्तैदी से जुटे हुए थे।

तस्करों ने ट्रक से मारी जोरदार टक्कर

इंदौर-बैतूल हाईवे पर जब टीआई दिलीप पुरी ने एक संदिग्ध आयशर ट्रक को रोकने का इशारा किया, तो चालक ने गाड़ी रोकने के बजाय पुलिस दल पर ही ट्रक चढ़ाने की कोशिश की। तस्करों के वाहन ने टीआई को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे वे सड़क पर गिर पड़े। ट्रक का पिछला पहिया उनके ऊपर से गुजर गया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए और मौके पर भारी रक्तस्राव हुआ।

अस्पताल में इलाज के दौरान हुआ निधन

घटना के तुरंत बाद घायल थाना प्रभारी को तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उनकी जान बचाने के लिए कड़ा संघर्ष किया। करीब दो घंटे तक चले सघन उपचार और सीपीआर (CPR) दिए जाने के बावजूद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए बचाया नहीं जा सका। इस आकस्मिक निधन से पूरे पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई।

भारी मात्रा में अवैध शराब बरामद और ट्रक जब्त

पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दुर्घटना में प्रयुक्त आयशर ट्रक को अपने कब्जे में ले लिया है। इस ट्रक की तलाशी के दौरान अंदर से 1800 लीटर से अधिक अवैध शराब बरामद की गई है। शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि यह शराब हरदा की एक शराब दुकान से लाई जा रही थी। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इस अवैध खेप का असली मास्टरमाइंड कौन है और इसे कहां डिलीवर किया जाना था।

स्पेशल डीजी को सौंपी गई उच्चस्तरीय जांच

घटना की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस महानिदेशक (DGP) ने मामले की उच्चस्तरीय जांच के निर्देश दिए हैं। मामले की निष्पक्ष, पारदर्शी और विस्तृत तहकीकात के लिए स्पेशल डीजी उपेंद्र जैन को विशेष रूप से जिम्मेदारी देकर मौके पर भेजा गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस जघन्य कृत्य में शामिल किसी भी तस्कर या दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।

राज्य सरकार द्वारा ‘शहीद’ का दर्जा और 1 करोड़ की सहायता

मध्य प्रदेश सरकार ने कर्तव्य पथ पर अपने प्राणों की आहुति देने वाले टीआई दिलीप पुरी के बलिदान को सर्वोच्च सम्मान देते हुए उन्हें ‘शहीद’ का दर्जा दिया है। मुख्यमंत्री ने पीड़ित शोकाकुल परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए 1 करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया है। इसके साथ ही, दिवंगत अधिकारी की धर्मपत्नी को सब-इंस्पेक्टर (SI) के पद पर अनुकंपा नियुक्ति दिए जाने के निर्देश जारी किए गए हैं।

शिक्षक से पुलिस अधिकारी बनने तक का सफर

बलिदानी टीआई दिलीप पुरी 2007 बैच के सब-इंस्पेक्टर थे। उन्होंने अपनी профессионаल यात्रा की शुरुआत एक शिक्षक के रूप में की थी, जिसके बाद वे अपनी मेहनत और लगन से पुलिस सेवा में आए। प्रमोशन पाकर टीआई बनने के बाद वे इंदौर के हीरा नगर और चंदन नगर जैसे संवेदनशील थानों में भी अपनी सेवाएं दे चुके थे। उत्कृष्ट कार्यकुशलता और निष्ठा के लिए उन्हें इसी साल सितंबर में सम्मानित भी किया गया था।

पैतृक गांव में राजकीय सम्मान के साथ होगा अंतिम संस्कार

कर्तव्य निभाते हुए वीरगति को प्राप्त हुए शहीद टीआई दिलीप पुरी का अंतिम संस्कार उनके पैतृक गांव बरमंडल (जिला धार) में पूरे राजकीय सम्मान के साथ किया जाएगा। क्षेत्रीय विधायक आशीष शर्मा सहित कई वरिष्ठ अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने शोक व्यक्त करते हुए कहा है कि सरकार इस दुख की घड़ी में पीड़ित परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है और अपराधियों पर सबसे कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

Shravan Sharma
लेखक / पत्रकार:

Shravan Sharma

विशेष संवाददाता (Special Correspondent)

वरिष्ठ न्यूज़ रिपोर्टर, The Rural Press

The Rural Press के लिए निष्पक्ष और निर्भीक रिपोर्टिंग।

विज्ञापन