नई दिल्ली/रायपुर। हैदराबाद में महिला डाक्टर के गैंग रेप के आरोपियों की पुलिस एंकाउटर का

मामला आज देश ही नहीं बल्कि दुनियाभर में छाई रही। जहां ज्यादातर खबरों में पुलिस कार्रवाई

की सराहना की है वहीं कुछ ने इस एनकाउंटर को लेकर सवाल भी उठाए हैं।

 

 

द वाशिंगटन पोस्ट

द वाशिंगटन पोस्ट ने भी इसे लेकर खबर दी है विस्तृत खबर में लिखा कि भारत में आम लोगों

ने चारों आरोपियों के मारे जाने पर खुशी जताई है। लेकिन कार्यकर्ताओं और वकीलों ने इस

मुठभेड़ पर सवाल उठाए हुए इसे गैर न्यायिक प्रक्रिया बताया है। रिपोर्ट में आगे कहा गया है

कि पुलिस ने इसे आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई बताया है। वहीं, सामाजिक कार्यकर्ताओं का

कहना है कि पुलिस आत्मरक्षा की कहानी बताकर बच जाती है।

 

द न्यूयॉर्क टाइम्स

वहीं द न्यूयॉर्क टाइम्स ने महिला चिकित्सक की दुष्कर्म के बाद हत्या की घटना को हाल के दिनों

की सबसे गंभीर घटना बताते हुए कहा है कि शुक्रवार की सुबह इस झकझोर देने वाली घटना का

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स्तब्धकारी अंत हो गया। अखबार आगे लिखता है कि मुठभेड़ को अंजाम देने वाले पुलिसकर्मियों

को हीरो बताया जा रहा है, उनकी सराहना हो रही है, उन पर फूल बरसाए जा रहे हैं। लोग सड़कों

पर उतरकर खुशियां मना रहे हैं।

 

सीएनएन

सीएनएन ने भी इस खबर को प्रमुखता दी है। महिला चिकित्सक की दुष्कर्म के बाद हत्या और उसको

लेकर देश भर में पनपे आक्रोश के बारे में बताते हुए सीएनएन ने कहा है कि रैलियों में शामिल लोग

आरोपितों को फांसी की सजा देने की मांग कर रहे थे।

 

जिंदगी की जंग हार गई उन्नाव दुष्कर्म पीड़िता

 

 

उन्नाव की दुषकर्म पीड़िता दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में जिंदगी की जंग हार गई है। उसे गंभीर

हालत में लखनऊ से एयरलिफ्ट कर दिल्ली लाया गया था, जहां सफदरजंग अस्पताल में रात 11.40

बजे पीड़िता ने अंतिम सांस ली। पीड़िता का इलाज कर रहे बर्न एंड प्लास्टिक सर्जरी विभाग के प्रमुख

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डॉ. शलभ कुमार ने बताया कि रात 11.10 बजे पीड़िता को दिल का दौरा पड़ा और 11.40 पर सांस टूट

गई। गुरुवार रात 8 से 8.30 बजे के दौरान पीड़िता बात कर पा रही थी।

 

वह अस्पताल में मौजूद अपने बड़े भाई से पूछ रही थी कि भैया क्या में बच जाऊंगी, मैं जीना चाहती हूं।

उसने यह भी कहा था कि आरोपियों को छोड़ना नहीं है। हालांकि इस दौरान उसे सांस लेने और बोलने

में तकलीफ भी हो रही थी।

 

 महिला सुरक्षा पर छत्तीसगढ़ में बनेगा कारगर इंटीग्रेटेड प्लान

 

 

दूसरी ओर दुष्कर्म की घटनाओं को रोकने के लिए छत्तीसगढ़ सरकार के मुखिया भूपेश बघेल ने

इंटीग्रेटेड प्लान तैयार करने के निर्देश अफसरों को दिए हैं।

 

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने मुख्य सचिव को महिलाओं की सुरक्षा के लिए दो सप्ताह के भीतर इंटीग्रेटेड

प्लान तैयार करने के निर्देश दिए हैं। बघेल ने कहा है कि किसी भी समाज की प्रगति और विकास

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महिलाओं की भागीदारी के बिना संभव नहीं है। छत्तीसगढ़ राज्य के विकास में भी महिलाओं की

महती भागीदारी है। समाज में महिलाओं को सुरक्षित एवं सकारात्मक माहौल उपलब्ध कराना सरकार

का अहम दायित्व है। जिसके लिए छत्तीसगढ़ राज्य सरकार भी संकल्पित है।

 

निकाय चुनाव:बागियों ने निकाला पसीना

छत्तीसगढ़ की दूसरी खबर नगरीय निकाय चुनाव को लेकर है। जहां टिकट वितरण से नाराज कार्यकर्ताओं

ने बगावत कर बड़ी संख्या में नामांकन दाखिल कर दिए हैं।

 

कांग्रेस और भाजपा दोनों दलों में नाराज कार्यकर्ताओं को मनाने का दौर शुरू हो चुका है। पूरी स्थित नामांकन

वापसी की प्रक्रिया के बाद ही साफ हो पाएगी।

 

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