दुर्ग। दुर्ग एसएसपी विजय अग्रवाल ने अवैध वसूली में लिप्त एक कांस्टेबल को बर्खास्त कर दिया है। आरोप है कि आरक्षक माल वाहन वाहनों से ओवरलोडिंग चालान के नाम पर अवैध वसूली करता था। जांच में शिकायत सही पाये जाने के बाद एसएसपी ने एक्शन लिया है। वहीं दूसरी तरफ फरियादियों से बदसलूकी के आरोप में स्मृति नगर चौकी में पदस्थ एएसआई प्रमोद सिंह और आरक्षक रवि ठाकुर को लाइन अटैच किया गया है।

अपने खाते में ट्रांसफर कराए रुपए

रक्षित केंद्र दुर्ग में पदस्थ आरक्षक अर्जुन दुबे को एसएसपी विजय अग्रवाल ने बर्खास्त किया है। बताया जा रहा है कि उसके खिलाफ दो गंभीर आरोपों पर विभागीय जांच की गई थी। जांच में पाया गया कि दुबे सुपेला सब्जी मंडी क्षेत्र में छोटे माल वाहक वाहनों से ओवरलोडिंग चालान के बदले प्रति वाहन 200 से 800 रुपए तक की अवैध वसूली करता था। उसने ट्रांसपोर्टर दुर्गेश सिन्हा से 5600 रुपए अपने बैंक ऑफ महाराष्ट्र के खाते में भी लिये थे।

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इस शिकायत के बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अभिषेक झा ने जांच में सभी आरोपों को प्रमाणित पाया। जिसके बाद आरक्षक अर्जुन दुबे को अपना पक्ष रखने का मौका दिया गया, लेकिन उसने कोई जवाब पेश नहीं किया। जांच में बैंक ट्रांजेक्शन सहित अन्य दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर आरोप पूरी तरह प्रमाणित हुए। वहीं आरक्षक दुबे को पहले भी कर्तव्य में लापरवाही पर एक वेतनवृद्धि रोकने का दंड दिया जा चुका था।

रिपोर्ट के आधार पर हुई कार्यवाही

इस जांच रिपोर्ट के बाद एसएसपी विजय अग्रवाल ने आरक्षक ने भ्रष्ट आचरण और विभाग की छवि धूमिल करने के दोषी आरक्षक को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया।

एसएसपी विजय अग्रवाल ने एक अन्य कार्रवाई में स्मृति नगर पुलिस चौकी में पदस्थ एएसआई प्रमोद सिंह और आरक्षक रवि ठाकुर को लाइन अटैच किया है। आरोप है कि चौकी में आने वाले फरियादियों से चौकी में पदस्थ एएसआई और आरक्षक दुर्व्यवहार किया करते थे। दोनों के खिलाफ शिकायत एसएसपी तक पहुंची थी। जांच में आरोप सही पाए जाने पर एसएसपी ने दोनों को तत्काल प्रभाव से लाइन अटैच करने का आदेश जारी किया है।

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